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दोस्त का लण्ड मेरी चूत में घुसा दिया - Maa ne apni beti ko dost se chudwaya
दोस्त का लण्ड मेरी चूत में घुसा दिया - Maa ne apni beti ko dost se chudwaya, दोस्त के पापा ने मां की चूत चोद दी, दोस्त की बेटी की चूत चुदाई की, Dost Ki Beti Ki Chut Chudai ki kahaniyanSex Stories about fucking friend's daughter.
मैं सच कह रही हूँ सना ? बड़ी झूंठी है बुर चोदी तेरी माँ ? मुझसे कह रही थी की मेरी बेटी को माँ चुदाना नहीं आता ? और तुम कह रही हो की मैं अपनी माँ चुदा कर आ रही हूँ।
सना यह सुनकर बड़ी हैरान हो गयी की हम दोनों एक दूसरे को इतनी गन्दी गन्दी गालियां देतीं हैं?
उसने पूंछा :- हाय अल्ला, तब्बू तू अपनी अम्मी से इस तरह की गालियों से बात करती है ? तुझे शर्म नहीं आती ?
मैंने कहा :- शर्म नहीं आती तभी तो अपनी माँ चुदवाती हूँ। और तूने सुना नहीं की कैसे मेरी अम्मी मुझे गालियां देतीं हैं ?
हम दोनों आपस में ऐसे ही बातें करती है और लाइफ एन्जॉय करती हैं। देख भोसड़ी की सना, माँ चुदाने का पहला सबक है बेशरम हो जाना ? पहले पूरी तरह से तू अपनी अम्मी से खुल जा। एक बात तो जरूर है की सबकी अम्मी किसी न किसी से चुदवाती जरूर हैं . जब तेरी अम्मी तेरे सामने चुदवाने लगे और तू अपनी अम्मी के सामने चुदवाने लगे तभी तू अपनी माँ चुदवा पायेगी। अब तक तो तुम्हे मालूम ही हो गया की यह मेरी अम्मी हैं फरदीन। हम दोनों में बहुत गहरी दोस्ती है सना।
तब अम्मी बोली :- हां बेटी सना देखो मैं और मेरी बेटी तब्बू दोनों यहाँ रहतीं है और यहाँ का कारोबार देखतीं हैं। मेरा हसबैंड और इसका हसबैंड दोनों विदेश में रहतें है और वहां का कारोबार देखतें हैं। हमारे पास पैसों की धन दौलत की कमी नहीं हैं। हम दोनों जवान है खूसबसूरत हैं और सेक्सी हैं। मेरी बेटी २२ साल की है और मैं ४२ साल की हूँ । चुदवाती मैं भी हूँ और चुदवाती मेरी बेटी भी है। मेरा भी काम बिना लण्ड के नहीं चलता और इसका भी काम बिना लण्ड के नहीं होता ? अब तुम बताओ कब तक हम दोनों एक दूसरे से छिप छिप कर चुदवाती रहें ? कब तक एक दूसरे से छिप छिप कर लण्ड चाटती रहें, चूसती रहें और लण्ड पीती रहें ? एक दिन हमने आपस में बैठ कर खूब बातें की और तय किया की अब हम दोनों एक दूसरे से कुछ भी नहीं छुपायेंगी। हम माँ बेटी नहीं है बल्कि दोस्त हैं और दोस्त की तरह ही बातें किया करेंगीं। मैंने मुस्कराकर कहा बोल बुर चोदी तब्बू तू क्या कहती है ? वह भी मुस्कराकर बोली हां भोसड़ी की फरदीन तू ठीक कहती है।
बस उसी दिन हम दोनों की जबरदस्त दोस्ती हो गयी।
मैंने कहा :- अब आगे का हाल मैं सुनाती हूँ सना ? शाम को मैं गयी और एक ब्लू फिल्म की सी डी ले आई। फिर रात भर हम दोनों ने एक साथ ब्लू फिल्म देखी। देखते देखते मैं भी नंगी हो गयी और मेरी अम्मी भी। अम्मी ने मुझे पूरी नंगी देखा और मैंने अम्मी को पूरी नंगी। तब तक बड़ी बुरी तरह से मेरी चूत में आग लग चुकी थी और अम्मी के भोसड़ा में भी।
दूसरे दिन मैं अपने बॉय फ्रेंड को लेकर आ गयी। जब अम्मी घर में आयीं तो देखा की मैं अपने दोस्त के साथ बैठी हुई बातें कर रही हूँ। मेरा हाथ उसके लण्ड पर हैं और उसका हाथ मेरी चूंची पर ? हालाँकि हम दोनों ने कपडे उतारे नहीं थे। अम्मी हम दोनों को देख कर बहुत खुश हुई और बोली वाओ, तब्बू तूने ठीक किया जो अपने दोस्त को बुला लिया। देख मेरा भी बॉय फ्रेंड आया है। अम्मी ने मुझे अपने बॉय फ्रेंड से मिलवाया ? जानती हो सना फिर क्या हुआ आगे ? फिर मैंने अम्मी के बॉय फ्रेंड से चुदवाया और अम्मी ने मेरे बॉय फ्रेंड से चुदवाया। यह हमारी पहली चुदाई थी जो हमने एक ही कमरे में एक दूसरे के सामने की थी।
फिर दूसरी पारी में मैंने अपने दोस्त का लण्ड अम्मी के भोसड़ा में ठोंक दिया और अम्मी ने अपने दोस्त का लण्ड मेरी चूत में घुसा दिया। बस तभी से मैं चुदाने लगी अपनी माँ का भोसड़ा और मेरी माँ चुदाने लगीं अपनी बिटिया की बुर ? सना मैं तुम्हे सच बता रही हूँ तबसे हम दोनों बहुत सुखी हैं. देखो न हमारी चूंचियां बहन चोद दुगुनी हो गयी है। हमारी गांड मोटी हो गयी है। हमारे चेहरे की चमक बढ़ गयी है और हम दोनों ज्यादा सेक्सी लगने लगीं है। इसका सारा श्रेय किसी और को नहीं बल्कि लण्ड को है और सिर्फ लण्ड को ? हमें लण्ड पर लण्ड मिलते जा रहें हैं और हमारी खूबसूरती दिन पर दिन बढती जा रही है।
सना बोली :- हाय आंटी, हम दोनों अपने घर में आप की ही तरह माँ बेटी है मगर न मैं अपनी अम्मी से इतनी खुली हुई हूँ और न मेरी अम्मी मुझसे ? लेकिन आप दोनों को देख कर मेरी भी तमन्ना हो रही है की मेरी अम्मी मेरी बुर चुदवायें और मैं अपनी अम्मी का भोसड़ा चुदवाऊँ ?
इतने में दरवाजे की घंट बज उठी। अम्मी बोली तुम दोनों बातें करो मैं देखती हूँ कौन आया है ? अम्मी ने दरवाजा खोला तो देखा की सामने मेरी सहेली लोली खड़ी है और उसके साथ हैं दो लड़के। लोली एक क्रिश्चियन लड़की है। अम्मी लोली को जानती थी लेकिन उन दो लड़कों को नहीं ? अम्मी ने उन तीनो को बैठाया और अंदर आकर बोली तब्बू तेरी सहेली लोली आई है और उसके साथ दो लड़के भी हैं। तू जाकर उनसे मिल मैं सना से बातें कर रही हूँ। मैं लोली से मिली तब उसने बताया यार तब्बू देख ये दोनों मेरे बॉय फ्रेंड्स है। मिस्टर रॉकी और मिस्टर मार्क ?
कल रात भर मैंने इन दोनों से चुदवाया फिर दोनों से अपनी माँ भी चुदवाई। मुझे और मेरी मॉम दोनों को इनके लण्ड बहुत पसंद आये। तब मैंने सोंचा की क्यों न मैं तब्बू की भी बुर चुदवाऊँ और उसकी माँ का भोसड़ा भी। ये दोनों भोसड़ी वाले बड़ा गज़ब का चोदते हैं तब्बू और बड़ी देर तक चोदते है. तुम दोनों को खूब मज़ा आएगा । मैं जानती हूँ की तू अपनी माँ उसी तरह चुदवाती है जैसे मैं अपनी माँ चुदवाती हूँ। अब तुम दोनों रात भर एन्जॉय करो मैं जाती हूँ अन्थोनी अंकल से चुदवाने।
उसके जाने के बाद मैं इन दोनों को वहां ले आई जहाँ अम्मी और सना बैठी थीं। अम्मी बोली अरी तब्बू माँ की लौड़ी तू इन दोनों को यहाँ अंदर ले आई बहन चोद ? मैंने मुस्कराकर कहा हां अम्मी लोली इन्हे मेरे पास रात भर के लिए छोड़ गयी है। अब मैं देखूँगी की दोनों मादर चोद रात भर हमारा क्या उखाड़ेंगें ? मुझे मालूम था की ये दोनों दारू खूब पीते हैं। वैसे दारू तो हम दोनों भी खूब पीती है मगर हमेशा नहीं बल्कि चुदाई करते समय पीती है। बातों ही बातों में मुझे मालूम हुआ की सना भी दारू पीती है। बस हम पाँचों लोग बैठ कर दारू पीने लगे। थोड़ा नशा चढ़ा तो सबके दिल की बातें बाहर आने लगीं।
मैंने पूंछा :- रोकी और मार्क तुम लोग यह बताओ की तुम्हे लोली की बुर चोदने में ज्यादा मज़ा आता है की उसकी मॉम का भोसड़ा चोदने में ?
मेरा सवाल सुनकर सना और अम्मी दोनों मुझे हैरत भरी निगाहों से मुझे देखने लगी। तब मैंने बताया अरे सना ये दोनों भोसड़ी वाले बड़े हरामी है। दोनों मिलकर सना की बुर चोदते हैं और उसकी माँ चोदते हैं। इतना ही नहीं ये दोनों मादर चोद एक दूसरे की बीवी चोदते हैं। दारू पीने के बाद इन्हे बस चूत दिखाई पड़ती है। जिसकी चूत में चाहा उसकी चूत में पेल दिया लण्ड ? लोली इन्हे मेरे पास मेरी चूत चोदने के लिए मेरी माँ का भोसड़ा चोदने के लिए छोड़ गयी है। वह खुद किसी और से चुदवाने चली गयी है
अम्मी बोली :- हाय दईया, बड़ी चुदक्कड़ है तेरी लोली बहन चोद और उसकी माँ ?
सना बोली :- वाओ, तो इसका मतलब लोली भी अपनी माँ चुदवाती है ? सारी दुनिया अपनी माँ चुदा रही है बहन चोद ?
बस मैं उठी और अपने कपडे खोलने लगी। मैं जब ब्रा में आ गयी तो मेरी बड़ी बड़ी चूंचियां झाँकने लगीं मेरी नंगी मोटी मोटी जांघें चमकने लगी और इन दोनों मादर चोदों की निगाहें मेरे पर ही टिक गयी। मुझे देख कर सना भी अपने कपडे खोलने लगी। उसकी भी बहन चोद चूंचियां बड़ी मस्त थी। उसने तो मुझसे पहले ही चूंचियां खोल दी और वो दोनों लार टपकाने लगे। सना ने तो अपना पेटीकोट भी खोल डाला और अपनी मस्तानी चूत सबको दिखा दी। वह भोसड़ी की मुझसे ज्यादा चुदासी हो चुकी थी। मैं जब पूरी नंगी हुई तो मार्क और रॉकी दोनों एकटक मुझे देखने लगे।
मैंने मार्क को पकड़ कर उठाया और उसके कपडे उतारने लगी। मेरे बगल में सना रॉकी के कपडे खोलने लगी। थोड़ी ही देर में दोनों चड्ढी में आ गये। दोनों की नंगी नंगी चौड़ी चौड़ी छातियाँ बड़ी सेक्सी लग रहीं थीं। मैंने जैसे ही मार्क की चड्ढी खोली वैसे ही उसका लौड़ा टन्ना कर मेरे मुंह से टकरा गया। मैं बोली उँ हूँ तू तो भोसड़ी का पहले से ही खड़ा है लौड़ा मियां। बड़ी जल्दी है क्या रे तुझे मेरी चूत में घुसने की ? मैंने लण्ड मुठ्ठी में लिया थोड़ा हिलाया तो वह और सख्त हो गया। उधर सना रॉकी का लौड़ा हिला कर बोली हाय तब्बू इसका लौड़ा तो बड़ा जबरदस्त है यार। मोटा भी है और लंबा भी। मैंने कहा तब तो तेरी माँ का भोसड़ा जरूर चोदेगा ? वह बोली साला मादर चोद पहले मेरी तो बुर चोद ले ? मेरी माँ का भोसड़ा तो बाद में चोदेगा ? मैंने कहा वाओ, मार्क का भी लण्ड बड़ा हक्कानी है यार देखो साला कैसे गुर्रा रहा है। कितना मोटा और सख्त है यार। मुझे तो इसी तरह का लौड़ा पसंद है। वह बोली तू तो यहीं अपनी माँ चुदवा ले भोसड़ी वाली तब्बू ? तब तक अम्मी भी कपडे खोल कर मैदान में आ गयीं। वह बोली सना आ मैं तुझे लण्ड चाटना सिखाती हूँ। अम्मी सना को लण्ड चाटने चूसने और मुठ्ठ मारने के तरीके बताने लगीं .
सना ने अम्मी के साथ रॉकी का लण्ड चाटा चूसा और पेल्हड़ भी चाटने के मज़ा लिया। थोड़ी देर में मैंने कहा सना ले तू पहले मार्क का भी लौड़ा चाट के देख ले। मैंने रॉकी का लण्ड अपने हाथ में लिया और मार्क का लण्ड उसे पकड़ा दिया। लण्ड की अदला बदली हो गयी। सना इतने में बहुत गरम हो गयी। वासना उस पर सवार हो गयी। इतने में अम्मी ने मार्क लण्ड सना की बुर में घुसा दिया और उसके चूतड़ पर हाथ रख दबाने लगी। सना बोली अरे बुर चोदी आंटी मैं तो तेरा भोसड़ा चोदने जा रही थी तू तो मेरी ही बुर चोदने लगी। अम्मी ने कहा सना भोसड़ी की पहले चुदाना ठीक से सीख ले फिर चोदना सीखना। मेरा भोसड़ा कहीं भागा नहीं जा रहा है। जितना चाहना उतना चोदना मेरा भोसड़ा ? इस तरह सना में अपनी गांड उठा उठा के खूब चुदाया। वह बोली यार तब्बू आज पहली बार मुझे चुदाने का जो मज़ा आ रहा है वह पहले कभी नहीं मिला। ५ मिनट के बाद मैंने कहा सना अब तू मेरी माँ चोद कर दिखा। मेरी माँ के भोसड़ा में लण्ड पेल कर दिखा। लण्ड पेल कर माँ चुदाना सीख ले। सना ने वैसा ही किया और मस्ती से चुदाने लगी मेरी माँ का भोसड़ा ? मैंने देखा की सना बड़ी मस्ती से मेरी माँ चुदा रही है।
इस तरह सना ने मार्क और रॉकी दोनों से अपनी बुर चुदवाई और मेरी माँ चुदवाई।
दूसरे दिन मैं सना के साथ उसके घर पहुंची। उसकी अम्मी ने थोड़ी देर में दरवाजा खोला और बोली अरी तब्बू तू भी आ गयी। उसने मुझे बैठाया और बातें करने लगी।
मैंने कहा :- आंटी, मुझे सच सच बताओ क्या सना को माँ चुदाना आता है ?
वह बोली :- यही तो रोना है तब्बू ? इसके साथ चुदवाने लगीं है पर शुरू ही नहीं किया ? इसने कभी अपनी माँ चुदवाई ही नहीं ? शायद इसे माँ चुदाना आता ही नहीं। हां गालियों में तो खूब चोदती है सबकी माँ ?
मैंने कहा :- नहीं आंटी, अब सना सीख गयी है माँ चुदाना। हां हां लण्ड पेल के माँ चुदना सीख गयी है।
आंटी बोली :- अच्छा ऐसी बात है तो आओ मेरे साथ।
आंटी मुझे और सना दोनों को अंदर कमरे में ले गयीं। वहा मैंने देखा की दो आदमी भोसड़ी के एकदम नंगे लेटे हुए हैं। दोनों के लण्ड टन टना रहें हैं। आंटी बोली तब्बू देख अगर मेरी बेटी को माँ चुदाना आता है तो वह पहले एक लण्ड मेरे भोसड़ा में पेले और मेरा भोसड़ा चुदवाये । उसके बाद तुम एक लण्ड सना की बुर में पेलो ताकि मैं भी अपनी बिटिया की बुर चुदवाऊँ। तुम दोनों की चुदाई मैनेज करो तब्बू। उसके बाद तो फिर सना चुदवाती भी रहेगी और चोदती भी रहेगी। मैंने फिर वैसा ही किया। मैं रात भर दोनों की बुर चुदवाती भी रही और चोदती भी रही।
- सना बोली नहीं तब्बू मेरी अम्मी झूंठ नहीं बोल रही हैं।
- मैंने कहा अगर तेरी अम्मी झूंठ नहीं बोल रही है तो तू भोसड़ी वाली झूंठ बोल रही है।
- सना ने जबाब दिया नहीं यार ऐसी बात नही हैं। न मैं झूंठ बोल रही हूँ और न मेरी अम्मी झूंठ बोल रही हैं।
- तो फिर ऐसे कैसे हो सकता है की दोनों सही हों ? या फिर तुम दोनों मिलकर मुझे चूतिया बना रही हो।
- देख तब्बू यह सच है की मैं माँ चुदा कर आ रही हूँ। पर ये वाला असली माँ चुदाना (मैंने हाथ से चूत में लण्ड पेलने का इशारा किया) नहीं है यार ? मैं वो वाले माँ चुदाने की बात कर रही थी। यानी मैं गाली वाले माँ चुदाने की बात बता रही थी । असल में आज मैं कोर्ट गयी थी एक गवाही देने। वहां वकील ने कई टेढ़े मेढ़े सवाल पूंछे जिनका जबाब देने में मेरी माँ चुदने लगी। उधर वकील रुक ही नहीं रहा था। वह साला माँ का लौड़ा सवाल पर सवाल पूंछ पूँछ के मेरी माँ चोद रहा था. गवाही तो हो गयी लेकिन मेरी माँ चुद गयी। इसीलिए मैंने कहा की मैं अपनी माँ चुदा के आ रही हूँ।
- धत्त तेरे की तू बहन चोद गाली से अपनी माँ चुदवाती है ? गाली से कहीं माँ का भोसड़ा चुदाया जाता है ? गाली से माँ चुदाने की बात कर रही है तू ? मैं तो सही में अपनी माँ चुदाने की बात कर रही हूँ। माँ के भोसड़ा में लण्ड पेल कर माँ चुदाने की बात कह रही हूँ। मैं तो बड़ी हैरान हो रही हूँ की तू बहन चोद इतनी बड़ी होकर अभी तक माँ चुदाना नहीं शुरू किया जबकि मेरी सभी सहेलियां बड़े मजे से अपनी माँ चुदवाने लगीं है। चाहे वो सारा हो, निदा हो या ज़ारा सब की सब बुर चोदी लण्ड पेल पेल कर भकाभक चुदवाती है अपनी अपनी माँ का भोसड़ा ?
- तो फिर मुझे भी सिखा दे न "लण्ड पेल कर माँ चुदाना"
- तो फिर चल मेरे घर मैं तुझे सिखा देती हूँ माँ चुदाना ?
सना यह सुनकर बड़ी हैरान हो गयी की हम दोनों एक दूसरे को इतनी गन्दी गन्दी गालियां देतीं हैं?
उसने पूंछा :- हाय अल्ला, तब्बू तू अपनी अम्मी से इस तरह की गालियों से बात करती है ? तुझे शर्म नहीं आती ?
मैंने कहा :- शर्म नहीं आती तभी तो अपनी माँ चुदवाती हूँ। और तूने सुना नहीं की कैसे मेरी अम्मी मुझे गालियां देतीं हैं ?
हम दोनों आपस में ऐसे ही बातें करती है और लाइफ एन्जॉय करती हैं। देख भोसड़ी की सना, माँ चुदाने का पहला सबक है बेशरम हो जाना ? पहले पूरी तरह से तू अपनी अम्मी से खुल जा। एक बात तो जरूर है की सबकी अम्मी किसी न किसी से चुदवाती जरूर हैं . जब तेरी अम्मी तेरे सामने चुदवाने लगे और तू अपनी अम्मी के सामने चुदवाने लगे तभी तू अपनी माँ चुदवा पायेगी। अब तक तो तुम्हे मालूम ही हो गया की यह मेरी अम्मी हैं फरदीन। हम दोनों में बहुत गहरी दोस्ती है सना।
तब अम्मी बोली :- हां बेटी सना देखो मैं और मेरी बेटी तब्बू दोनों यहाँ रहतीं है और यहाँ का कारोबार देखतीं हैं। मेरा हसबैंड और इसका हसबैंड दोनों विदेश में रहतें है और वहां का कारोबार देखतें हैं। हमारे पास पैसों की धन दौलत की कमी नहीं हैं। हम दोनों जवान है खूसबसूरत हैं और सेक्सी हैं। मेरी बेटी २२ साल की है और मैं ४२ साल की हूँ । चुदवाती मैं भी हूँ और चुदवाती मेरी बेटी भी है। मेरा भी काम बिना लण्ड के नहीं चलता और इसका भी काम बिना लण्ड के नहीं होता ? अब तुम बताओ कब तक हम दोनों एक दूसरे से छिप छिप कर चुदवाती रहें ? कब तक एक दूसरे से छिप छिप कर लण्ड चाटती रहें, चूसती रहें और लण्ड पीती रहें ? एक दिन हमने आपस में बैठ कर खूब बातें की और तय किया की अब हम दोनों एक दूसरे से कुछ भी नहीं छुपायेंगी। हम माँ बेटी नहीं है बल्कि दोस्त हैं और दोस्त की तरह ही बातें किया करेंगीं। मैंने मुस्कराकर कहा बोल बुर चोदी तब्बू तू क्या कहती है ? वह भी मुस्कराकर बोली हां भोसड़ी की फरदीन तू ठीक कहती है।
बस उसी दिन हम दोनों की जबरदस्त दोस्ती हो गयी।
मैंने कहा :- अब आगे का हाल मैं सुनाती हूँ सना ? शाम को मैं गयी और एक ब्लू फिल्म की सी डी ले आई। फिर रात भर हम दोनों ने एक साथ ब्लू फिल्म देखी। देखते देखते मैं भी नंगी हो गयी और मेरी अम्मी भी। अम्मी ने मुझे पूरी नंगी देखा और मैंने अम्मी को पूरी नंगी। तब तक बड़ी बुरी तरह से मेरी चूत में आग लग चुकी थी और अम्मी के भोसड़ा में भी।
दूसरे दिन मैं अपने बॉय फ्रेंड को लेकर आ गयी। जब अम्मी घर में आयीं तो देखा की मैं अपने दोस्त के साथ बैठी हुई बातें कर रही हूँ। मेरा हाथ उसके लण्ड पर हैं और उसका हाथ मेरी चूंची पर ? हालाँकि हम दोनों ने कपडे उतारे नहीं थे। अम्मी हम दोनों को देख कर बहुत खुश हुई और बोली वाओ, तब्बू तूने ठीक किया जो अपने दोस्त को बुला लिया। देख मेरा भी बॉय फ्रेंड आया है। अम्मी ने मुझे अपने बॉय फ्रेंड से मिलवाया ? जानती हो सना फिर क्या हुआ आगे ? फिर मैंने अम्मी के बॉय फ्रेंड से चुदवाया और अम्मी ने मेरे बॉय फ्रेंड से चुदवाया। यह हमारी पहली चुदाई थी जो हमने एक ही कमरे में एक दूसरे के सामने की थी।
फिर दूसरी पारी में मैंने अपने दोस्त का लण्ड अम्मी के भोसड़ा में ठोंक दिया और अम्मी ने अपने दोस्त का लण्ड मेरी चूत में घुसा दिया। बस तभी से मैं चुदाने लगी अपनी माँ का भोसड़ा और मेरी माँ चुदाने लगीं अपनी बिटिया की बुर ? सना मैं तुम्हे सच बता रही हूँ तबसे हम दोनों बहुत सुखी हैं. देखो न हमारी चूंचियां बहन चोद दुगुनी हो गयी है। हमारी गांड मोटी हो गयी है। हमारे चेहरे की चमक बढ़ गयी है और हम दोनों ज्यादा सेक्सी लगने लगीं है। इसका सारा श्रेय किसी और को नहीं बल्कि लण्ड को है और सिर्फ लण्ड को ? हमें लण्ड पर लण्ड मिलते जा रहें हैं और हमारी खूबसूरती दिन पर दिन बढती जा रही है।
सना बोली :- हाय आंटी, हम दोनों अपने घर में आप की ही तरह माँ बेटी है मगर न मैं अपनी अम्मी से इतनी खुली हुई हूँ और न मेरी अम्मी मुझसे ? लेकिन आप दोनों को देख कर मेरी भी तमन्ना हो रही है की मेरी अम्मी मेरी बुर चुदवायें और मैं अपनी अम्मी का भोसड़ा चुदवाऊँ ?
इतने में दरवाजे की घंट बज उठी। अम्मी बोली तुम दोनों बातें करो मैं देखती हूँ कौन आया है ? अम्मी ने दरवाजा खोला तो देखा की सामने मेरी सहेली लोली खड़ी है और उसके साथ हैं दो लड़के। लोली एक क्रिश्चियन लड़की है। अम्मी लोली को जानती थी लेकिन उन दो लड़कों को नहीं ? अम्मी ने उन तीनो को बैठाया और अंदर आकर बोली तब्बू तेरी सहेली लोली आई है और उसके साथ दो लड़के भी हैं। तू जाकर उनसे मिल मैं सना से बातें कर रही हूँ। मैं लोली से मिली तब उसने बताया यार तब्बू देख ये दोनों मेरे बॉय फ्रेंड्स है। मिस्टर रॉकी और मिस्टर मार्क ?
कल रात भर मैंने इन दोनों से चुदवाया फिर दोनों से अपनी माँ भी चुदवाई। मुझे और मेरी मॉम दोनों को इनके लण्ड बहुत पसंद आये। तब मैंने सोंचा की क्यों न मैं तब्बू की भी बुर चुदवाऊँ और उसकी माँ का भोसड़ा भी। ये दोनों भोसड़ी वाले बड़ा गज़ब का चोदते हैं तब्बू और बड़ी देर तक चोदते है. तुम दोनों को खूब मज़ा आएगा । मैं जानती हूँ की तू अपनी माँ उसी तरह चुदवाती है जैसे मैं अपनी माँ चुदवाती हूँ। अब तुम दोनों रात भर एन्जॉय करो मैं जाती हूँ अन्थोनी अंकल से चुदवाने।
उसके जाने के बाद मैं इन दोनों को वहां ले आई जहाँ अम्मी और सना बैठी थीं। अम्मी बोली अरी तब्बू माँ की लौड़ी तू इन दोनों को यहाँ अंदर ले आई बहन चोद ? मैंने मुस्कराकर कहा हां अम्मी लोली इन्हे मेरे पास रात भर के लिए छोड़ गयी है। अब मैं देखूँगी की दोनों मादर चोद रात भर हमारा क्या उखाड़ेंगें ? मुझे मालूम था की ये दोनों दारू खूब पीते हैं। वैसे दारू तो हम दोनों भी खूब पीती है मगर हमेशा नहीं बल्कि चुदाई करते समय पीती है। बातों ही बातों में मुझे मालूम हुआ की सना भी दारू पीती है। बस हम पाँचों लोग बैठ कर दारू पीने लगे। थोड़ा नशा चढ़ा तो सबके दिल की बातें बाहर आने लगीं।
मैंने पूंछा :- रोकी और मार्क तुम लोग यह बताओ की तुम्हे लोली की बुर चोदने में ज्यादा मज़ा आता है की उसकी मॉम का भोसड़ा चोदने में ?
मेरा सवाल सुनकर सना और अम्मी दोनों मुझे हैरत भरी निगाहों से मुझे देखने लगी। तब मैंने बताया अरे सना ये दोनों भोसड़ी वाले बड़े हरामी है। दोनों मिलकर सना की बुर चोदते हैं और उसकी माँ चोदते हैं। इतना ही नहीं ये दोनों मादर चोद एक दूसरे की बीवी चोदते हैं। दारू पीने के बाद इन्हे बस चूत दिखाई पड़ती है। जिसकी चूत में चाहा उसकी चूत में पेल दिया लण्ड ? लोली इन्हे मेरे पास मेरी चूत चोदने के लिए मेरी माँ का भोसड़ा चोदने के लिए छोड़ गयी है। वह खुद किसी और से चुदवाने चली गयी है
अम्मी बोली :- हाय दईया, बड़ी चुदक्कड़ है तेरी लोली बहन चोद और उसकी माँ ?
सना बोली :- वाओ, तो इसका मतलब लोली भी अपनी माँ चुदवाती है ? सारी दुनिया अपनी माँ चुदा रही है बहन चोद ?
बस मैं उठी और अपने कपडे खोलने लगी। मैं जब ब्रा में आ गयी तो मेरी बड़ी बड़ी चूंचियां झाँकने लगीं मेरी नंगी मोटी मोटी जांघें चमकने लगी और इन दोनों मादर चोदों की निगाहें मेरे पर ही टिक गयी। मुझे देख कर सना भी अपने कपडे खोलने लगी। उसकी भी बहन चोद चूंचियां बड़ी मस्त थी। उसने तो मुझसे पहले ही चूंचियां खोल दी और वो दोनों लार टपकाने लगे। सना ने तो अपना पेटीकोट भी खोल डाला और अपनी मस्तानी चूत सबको दिखा दी। वह भोसड़ी की मुझसे ज्यादा चुदासी हो चुकी थी। मैं जब पूरी नंगी हुई तो मार्क और रॉकी दोनों एकटक मुझे देखने लगे।
मैंने मार्क को पकड़ कर उठाया और उसके कपडे उतारने लगी। मेरे बगल में सना रॉकी के कपडे खोलने लगी। थोड़ी ही देर में दोनों चड्ढी में आ गये। दोनों की नंगी नंगी चौड़ी चौड़ी छातियाँ बड़ी सेक्सी लग रहीं थीं। मैंने जैसे ही मार्क की चड्ढी खोली वैसे ही उसका लौड़ा टन्ना कर मेरे मुंह से टकरा गया। मैं बोली उँ हूँ तू तो भोसड़ी का पहले से ही खड़ा है लौड़ा मियां। बड़ी जल्दी है क्या रे तुझे मेरी चूत में घुसने की ? मैंने लण्ड मुठ्ठी में लिया थोड़ा हिलाया तो वह और सख्त हो गया। उधर सना रॉकी का लौड़ा हिला कर बोली हाय तब्बू इसका लौड़ा तो बड़ा जबरदस्त है यार। मोटा भी है और लंबा भी। मैंने कहा तब तो तेरी माँ का भोसड़ा जरूर चोदेगा ? वह बोली साला मादर चोद पहले मेरी तो बुर चोद ले ? मेरी माँ का भोसड़ा तो बाद में चोदेगा ? मैंने कहा वाओ, मार्क का भी लण्ड बड़ा हक्कानी है यार देखो साला कैसे गुर्रा रहा है। कितना मोटा और सख्त है यार। मुझे तो इसी तरह का लौड़ा पसंद है। वह बोली तू तो यहीं अपनी माँ चुदवा ले भोसड़ी वाली तब्बू ? तब तक अम्मी भी कपडे खोल कर मैदान में आ गयीं। वह बोली सना आ मैं तुझे लण्ड चाटना सिखाती हूँ। अम्मी सना को लण्ड चाटने चूसने और मुठ्ठ मारने के तरीके बताने लगीं .
सना ने अम्मी के साथ रॉकी का लण्ड चाटा चूसा और पेल्हड़ भी चाटने के मज़ा लिया। थोड़ी देर में मैंने कहा सना ले तू पहले मार्क का भी लौड़ा चाट के देख ले। मैंने रॉकी का लण्ड अपने हाथ में लिया और मार्क का लण्ड उसे पकड़ा दिया। लण्ड की अदला बदली हो गयी। सना इतने में बहुत गरम हो गयी। वासना उस पर सवार हो गयी। इतने में अम्मी ने मार्क लण्ड सना की बुर में घुसा दिया और उसके चूतड़ पर हाथ रख दबाने लगी। सना बोली अरे बुर चोदी आंटी मैं तो तेरा भोसड़ा चोदने जा रही थी तू तो मेरी ही बुर चोदने लगी। अम्मी ने कहा सना भोसड़ी की पहले चुदाना ठीक से सीख ले फिर चोदना सीखना। मेरा भोसड़ा कहीं भागा नहीं जा रहा है। जितना चाहना उतना चोदना मेरा भोसड़ा ? इस तरह सना में अपनी गांड उठा उठा के खूब चुदाया। वह बोली यार तब्बू आज पहली बार मुझे चुदाने का जो मज़ा आ रहा है वह पहले कभी नहीं मिला। ५ मिनट के बाद मैंने कहा सना अब तू मेरी माँ चोद कर दिखा। मेरी माँ के भोसड़ा में लण्ड पेल कर दिखा। लण्ड पेल कर माँ चुदाना सीख ले। सना ने वैसा ही किया और मस्ती से चुदाने लगी मेरी माँ का भोसड़ा ? मैंने देखा की सना बड़ी मस्ती से मेरी माँ चुदा रही है।
इस तरह सना ने मार्क और रॉकी दोनों से अपनी बुर चुदवाई और मेरी माँ चुदवाई।
दूसरे दिन मैं सना के साथ उसके घर पहुंची। उसकी अम्मी ने थोड़ी देर में दरवाजा खोला और बोली अरी तब्बू तू भी आ गयी। उसने मुझे बैठाया और बातें करने लगी।
मैंने कहा :- आंटी, मुझे सच सच बताओ क्या सना को माँ चुदाना आता है ?
वह बोली :- यही तो रोना है तब्बू ? इसके साथ चुदवाने लगीं है पर शुरू ही नहीं किया ? इसने कभी अपनी माँ चुदवाई ही नहीं ? शायद इसे माँ चुदाना आता ही नहीं। हां गालियों में तो खूब चोदती है सबकी माँ ?
मैंने कहा :- नहीं आंटी, अब सना सीख गयी है माँ चुदाना। हां हां लण्ड पेल के माँ चुदना सीख गयी है।
आंटी बोली :- अच्छा ऐसी बात है तो आओ मेरे साथ।
आंटी मुझे और सना दोनों को अंदर कमरे में ले गयीं। वहा मैंने देखा की दो आदमी भोसड़ी के एकदम नंगे लेटे हुए हैं। दोनों के लण्ड टन टना रहें हैं। आंटी बोली तब्बू देख अगर मेरी बेटी को माँ चुदाना आता है तो वह पहले एक लण्ड मेरे भोसड़ा में पेले और मेरा भोसड़ा चुदवाये । उसके बाद तुम एक लण्ड सना की बुर में पेलो ताकि मैं भी अपनी बिटिया की बुर चुदवाऊँ। तुम दोनों की चुदाई मैनेज करो तब्बू। उसके बाद तो फिर सना चुदवाती भी रहेगी और चोदती भी रहेगी। मैंने फिर वैसा ही किया। मैं रात भर दोनों की बुर चुदवाती भी रही और चोदती भी रही।
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