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कहानी पढ़ कर चुदवाती हूँ - Main Sex story padhkar chudwati hun
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शक्ति आ गयी है। अब मुझे अपनी ज़िन्दगी और अच्छी लगने लगी है। अब मैं दुनिया से खुश होकर और खुल कर बात कर सकती हूँ। दुनिया की माँ बहन एक कर सकती हूँ और दुनिया से पूरी ताकत से लड़ सकती हूँ।
पहले मैं ब्लू फिल्म देखती नहीं थी, गन्दी गन्दी बातें करती नहीं थी, गालियां मुंह से निकालती नहीं थी। गैर मर्द से चुदवाना तो दूर मैं किसी पराये मरद के लण्ड के बारे में सोंच भी नहीं सकती थी। मुझे यह सब करना बहुत बड़ा पाप लगता था। कभी जब रात को अपने हसबैंड से चुदवाना होता था तो बस यूँ ही कपडे खोल कर चुदवा लेती थी, कभी मन से और कभी बे मन होकर ? इस तरह मेरी ज़िन्दगी दिन पर दिन नीरस होने लगी। मैं बोर होने लगी। सेक्स करने की इच्छा धीरे धीरे ख़तम होने लगी।
तभी एक दिन मेरी सहेली ने 'सेक्सब्लोग्स' की कहानियां पढ़ने की सलाह दी। उस दिन दोपहर का समय था। मैं घर पर अकेली थी। हसबैंड ऑफिस में थे। मैं नेट पर बैठ गयी और कहानियां खोल कर देखने लगी। मेरे मुंह से निकला बाप रे बाप ? ये तो बहुत ही गन्दी गन्दी एकदम खुली खुली कहानियां है। इनके title शीर्षक ही बड़े सेक्सी है बहन चोद ? मैं तो बड़ी देर तक कहानियों के शीर्षक ही पढ़ती रही ? बस मेरी चूत में जो पहले कभी नहीं हुआ वह सब होने लगा। कहानी के साथ फोटो देख कर तो और मस्त होने लगी, मैं ? धीरे धीरे मेरे सारे कपड़े अपने आप उत्तर गये और मैं नंगी हो गयी। एक कहानी पढ़ी। कहानी "wife swapping" यानी "बीवियों की अदला बदली" की थी। कहानी पढ़ते ही मेरी ऊँगली अपने आप मेरी चूत में घुस गयी। पहले एक फिर दो और फिर तीन ऊँगली घुस गयीं बुर चोदी ? कहानी खत्म खत्म होते होते मैं एक पतली सी बोतल अपनी चूत में घुसा चुकी थी। वह ९" की बोतल बहन चोद पूरी की पूरी अंदर घुस गयी।
मैं जान गयी की आज अगर मेरे हाथ में ९" का लण्ड होता तो कितना मज़ा आता ? मेरी अपनी बुर चुदवाने की इच्छा अचानक बढ़ गयी। मैं एक मोटे मस्ताने लण्ड के बारे में सोंचने लगी। मैंने अपनी उसी सहेली को फोन लगाया जिसने मुझे Sex की कहानियां पढने के लिए कहा था। मैं बोली यह क्या कर दिया तूने मादर चोद सीमा ? मैंने अभी एक ही कहानी पढ़ी है की मेरी चूत बुर चोदी भठ्ठी की तरह जलने लगी है। यार मैं अभी चुदवाना चाहती हूँ ? कोई लण्ड बताओ जल्दी से मुझे ? वह बोली यार इस समय तो मेरे पास कोई लण्ड नहीं है कहो तो मैं अपने हसबैंड को भेज दूँ वही घर पर है इत्तिफ़ाक़ से ? मैं जोश में थी मैंने कहा हां भेज दो यार आज मैं उसी से चुदवाऊँगी तभी मेरी आग ठंढी होगी।
आधे घंटे में समीर मेरे आपस आ गया। मैंने उसे तुरंत अपनी बाहों में भर लिया और चिपका लिया मैं बोली हाय दईया समीर चोदो मुझे ? भकाभक चोदो मुझे। अपना लौड़ा पूरा घुसा के चोदो मुझे ? मैं चुदासी हो गयी हूँ। मैं फ़ौरन उसके सामने नंगी नगी खड़ी हो गयी। उसके भी कपडे फ़टाफ़ट उतारा और लण्ड पकड़ कर हिलाने लगी। लण्ड साला टन्ना गया और मैं उसे मुंह में लेकर चूसने लगी। मैंने उसे चिट लिटा दिया और उसके ऊपर चढ़ बैठी। अपनी चूत उसके मुंह पर रख दी और मैं झुक कर उसका लण्ड चूसने लगी। हम दोनों 69 की position में थे। मज़ा आने लगा। यही सब उस कहानी में लिखा था। उसमे लिखा था की पराये मरद का लण्ड ज्यादा मज़ा देता है। आज मुझे यह बात बिलकुल सच लग रही है। मुझे सीमा के मियां का लण्ड ज्यादा अच्छा लग रहा है। मैं लण्ड का सुपाड़ा बार बार मुंह से निकाल कर चूस रही थी जैसे आम की गुठली चूसी जाती है।
इतने में सीमा का फोन आ गया उसने पूंछा कामिनी मेरा मरद पहुँच गया ? मैंने कहा हां यार मुझे उसका लण्ड गया। मैं लण्ड चूस रही हूँ। मैं इस समय ज़न्नत में हूँ बाद में बात करूंगी। मैं फिर लण्ड चूसने में जुट गयी। थोड़ी देर में मैंने लण्ड अपनी चूत में पेला और मद मस्त होकर चुदवाने लगी। सच बताऊँ दोस्तों, मुझे चुदाई में इतना मज़ा पहले कभी नहीं आया ? चोदने के बाद वह चला गया। उसके पहुँचने के पहले मैंने कामिनी को फोन लगाया और कहा यार मुझे तेरे मरद से चुदवाकर बड़ा मज़ा आया। अब मैं कहती हूँ की तुम भी मेरे मरद से चुदवा लो। मेरा मरद कल आ जायेगा । तुम कल ही उससे चुदवाना। वह बोली ऐसे नहीं यार, कामिनी ? मैं तो वैसे ही चुदवाऊँगी जैसा कहानी में लिखा है। कल तुम मेरे घर डिनर पर अपने हसबैंड के साथ आना और फिर एक ही कमरे में मैं तेरे मरद से चुदवाऊँगी और तुम मेरे मरद से चुदवाना।
बस दूसरे दिन जब हम दोनों ने एक दूसरे के मियां से एक ही कमरे में आमने सामने चुदवाया तो शर्म की तो माँ चुद गयी। उसके बाद तो मेरी चूत में जान आ गयी और मैंने कई मर्दों से चुदवाया। आजकल हफ्ते में दो बार सेक्स पार्टी में जाती हूँ और खूब गैर मर्दों से चुदवा कर आती हूँ। लगता है की मेरी जवानी वापस आ गयी है। thanks to Sex. अब तो रोज़ कहानियां पढ़ती हूँ और रोज़ चुदवाती हूँ।
दोस्तों, मैं सारा खान हूँ. मैं २१ साल की एक मदमस्त खूबसूरत, जवान लड़की हूँ। मेरा बदन गदराया हुआ है। मेरा कद ५' ५" है, बड़ी बड़ी सुडौल चूंचियां हैं, पतली कमर है, उभरे हुए चूतड़ हैं, उनके बीच में एक मस्तानी गांड है, मोटी मोटी जांघें है और उनके बीच एक सेक्सी चूत है, झांटें आजकल तो साफ है नहीं तो कभी झांटों का जंगल था। मुझे गन्दी गन्दी बातें बहुत अच्छी लगती हैं, हंसी मजाक खूब करती हूँ, गालियां तो मेरे घर ही बहुत दी जातीं हैं। अब्बू गाली बकते हैं। अब्बू से ज्यादा अम्मी गालियां देती हैं। मेरी खाला भोसड़ी की बिना गाली के बात ही नहीं करती ? इसलिए मैं भी गालियां सीख चुकी हूँ। कॉलेज में लड़कियां कड़कों से ज्यादा गालियां बकतीं हैं । लेकिन जाने क्यों मेरे मुह से गालियां बहुत कम निकलती हैं।
लड़कियां अक्सर लण्ड की बातें करती है, लण्ड के साइज़ की बातें करती है। चोदा चोदी की बातें करतीं हैं । कुछ लड़कियां तो अपनी चूंचियां तक लड़कों को दिखा देती हैं। अपनी झांटें दिखा देती हैं, धीरे धीरे लड़कियां माँ चुदाने की बातें करने लगीं। कोई कहती मैं माँ चुदा कर आ रही हूँ, कोई कहती मैंने आज अपनी माँ चुदवाई, कोई कहती यार माँ चुदाने में देर हो गयी। कोई कहती की कल मेरा पडोसी मेरी माँ चोद गया ? कोई कहती यार कल तो बहुत मज़ा आया जब मैंने अपनी माँ चुदवाई और मेरी अम्मी ने भी लण्ड मेरी बुर में पेला ? मैं मन ही मन सोंचने लगी की ये सब भोसड़ी वाली मुझे चूतिया बना रही हैं। झूंठ बोल रही हैं सब की सब बहन चोद ? भला कोई लड़की अपनी माँ कैसे चुदवायेगी ?
एक दिन मैं अपनी रहीमा आंटी के घर गयी।
मैं सोंचने लगी की वास्तव में ऐसा होता है क्या ? लड़कियां खुले आम अपनी माँ चुदवाती हैं क्या ? खुल्लम खुल्ला लण्ड अपनी माँ की चूत में पेलती हैं क्या ? मादर चोद अम्मी, भोसड़ी की अम्मी, कह कर गालियां देतीं हैं क्या ? अम्मियाँ भी अपनी बेटियां उतनी ही मस्ती से चुदवाती हैं क्या ? अपनी बेटियों को बुर चोदी, हरामजादी, माँ की लौड़ी कह कर बुलातीं हैं, क्या ? फिर सोंचा की रहीमा आंटी तो सही में ऐसा करती हैं। इसका मतलब सब जगह ऐसा ही होता है ? मैं ही एक ऐसी बेवकूफ़ लड़की हूँ जो अपनी माँ नहीं चुदवाती ? सब अपनी माँ चुदवाती हैं. सब लोग जवानी का मज़ा लेती है और मैं भोसड़ी वाली चुपचाप अंदर घुसी हुई बैठी रहती हूँ।
मैं रात भर कहानियां पढ़ती रही। कहानियों से उठकर जाने का मन ही नहीं कर रहा था। अचानक सवेरा हो गया ? मैंने लैपटॉप बंद किया और सीधे रहीमा आंटी के घर पहुँच गयी।
मैं आंटी को देखते ही बोली - हाय रहीमा आंटी, कहाँ है मेरी माँ का भोसड़ा बहन चोद ? मैं आज ही लण्ड पेलूँगी उसकी बुर में ? उसकी बहन का लण्ड ? उसने कभी बताया नहीं की मेरा भोसड़ा चुदाओ सारा ? उसकी बिटिया की बुर ? आज मैं तेरे सामने चोदूंगी उसका भोसड़ा ? उधर से अम्मी की आवाज़ आई। वह बोलने लगी - कहाँ है बुर चोदी सारा रहीमा बता मुझे ? आज मैं उसकी बुर में पेलूँगी लण्ड ? साली हरामजादी भोसड़ी की भरी जवानी में भी कभी अपनी माँ नहीं चुदवाई ? कभी लण्ड मेरी चूत में नहीं पेला ? अपनी चूत अपनी चूंची छुपाकर बैठी हुई है मादर चोद सारा ? सारा तेरी माँ का भोसड़ा ? तेरी माँ की चूत ,बहन चोद ?
मैंने जब उसे देखा और उसने मुझे देखा तो हम दोनों हंस पड़ी ? रहीमा आंटी बोली सारा मैंने तेरी अम्मी को भी Sex की कहानियां रात भर पढ़वायीं इसीलिए इसको भी जोश आ गया है और तुम्हे भी। मैंने कहा आंटी इतनी मस्त कहानियां मैंने ज़िन्दगी में पहले कभी नहीं पढ़ी ? एक ही कहानी में मेरी चूत भठ्ठी की तरह जलने लगी. सच बताऊँ आंटी अगर मेरी अम्मी मेरे पास होतीं तो मैं उसका भोसड़ा खोल कर चोदने लगती ? अम्मी ने कहा मैं सारा की बात सही मानती हूँ। मैं जब कहानियां पढ़ रही थी तो मेरा भोसड़ा साला बहुत चुदासा हो गया , मुझे लगा की अगर सारा मुझसे खुली होती तो आज मैं उसके बॉय फ्रेंड से चुदवा लेती। उसका लौड़ा अपनी बेटी के सामने अपनी चूत में घुसेड़ लेती और फिर वही लण्ड उसकी बुर में घुसा देती। मेरे अंदर अपनी बिटिया चुदवाने की इच्छा जोर पकड़ने लगी। मैंने कहा आंटी अब तो मैं अपनी माँ का भोसड़ा चुदवाकर ही जाऊँगी। मेरी अम्मी बोली और मैं भी अपनी बेटी सारा की बुर चुदवाकर ही जाऊँगी।
उसी दिन से मैं अपनी माँ चुदवाने लगी और अब हम दोनों बहुत खुश है। मेरा confidence बढ़ गया। thanks to Sex. अब तो मैं एक कहानी पढ़ती हूँ और अपनी माँ चुदवाती हूँ। मेरी अम्मी भी एक कहनी पढ़ती है और लण्ड मेरी बुर में पेल देती है।
मेरा नाम नाज़नीन है लेकिन लोग मुझे नाज़ कह कर ही बुलातें हैं। मैं २५ साल की हूँ, खूबसूरत हूँ, बड़ी बड़ी सुडौल चूंचियों वाली हूँ। पतली कमर और उभरे हुए चूतड़ों वाली हूँ। मस्त गांड वाली और चबूतरा जैसी चूत वाली हूँ। मेरी शादी के अभी ३ महीने हुआ है। मैं अपनी ससुराल में हूँ। यहाँ पर संभल संभल कर कदम रख रही हूँ की कहीं होई नाराज़ न हो जाये ? सभी की बात मानती हूँ खूब काम करती हूँ और सबकी इज़्ज़त करती हूँ। मैं स्वाभाव से शर्मीली हूँ, गालियां सुनकर मज़ा लेती हूँ लेकिन गाली कभी देती नहीं ? चोदा चोदी की बातों में मज़ा आता है लेकिन मैं अपने शौहर के अलावा किसी और से चुदवाती नहीं ? ब्लू फिल्म पहले देखा है लेकिन अब नहीं देखती क्योंकि उसे देखने से चुदाई की इच्छा बढ़ जाती है। माईके में एक बार अपने मामू जान का लण्ड पकड़ा था उसके बाद किसी और का लण्ड नहीं पकड़ा ?
एक दिन मेरी नन्द मेरे पास आई और बोली हाय नाज़ भाभी तेरी शादी के ३ महीने हो चुके हैं और आजतक तूने अपने देवर का भी लण्ड नहीं पकड़ा ? उसका लण्ड कभी अपनी बुर में नहीं पेला ? अपने मियां के अलावा किसी और से चुदवाया नहीं तूने ? तू भोसड़ी की इतनी सूखी ज़िन्दगी क्यों गुज़ार रही है ? तेरी चूत में आग नहीं है क्या ? कभी अपनी माँ का भोसड़ा नहीं चुदवाया तूने क्या ? कभी कसी का लौड़ा नहीं चूसा तूने क्या ? अरे तूने लगता है की किसी से अपनी गांड भी नहीं मरवाई ? मैंने कहा हां रिया (मेरी नन्द) तू सही कह रही है मैंने कभी गांड भी नहीं मरवाई ? वह बोली तो इससे तुझे क्या हांसिल हो जायेगा ? क्या बिना गैार मरद के चुदवाने से तुझे ज़न्नत मिल जाएगी मादर चोद ?
मुझे देखो मेरी शादी के अभी २ महीने ही हुए हैं। मैं अपने दोनों देवरों से चुदवाती हूँ, अपने जेठ का भी लण्ड मौक़ा पाकर पेल लेती हूँ अपनी बुर में ? अपने नंदोई से खूब चुदवाती हूँ, एक दिन मैंने खालू ससुर का लण्ड पकड़ लिया तबसे वह हर रोज़ मेरे आगे लण्ड खोल कर खड़ा हो जाता है। वह भी मुझे चोदने लगा है। और अभी एक हफ्ते पहले मेरा ससुर का लण्ड भी मेरे हाथ में आ गया। अब मैं अपने भोसड़ी वाले ससुर से भी खुल कर चुदवाती हूँ। एक तू है जो बहन चोद एक ही लण्ड लिए घूम रही है। मैंने कहा तो मैं क्या करूँ मैं रिया तुम ही बताओ ? वह बोली खूब गालियां बको, सबकी माँ बहन चोदो, सबको अपनी चूंचियां दिखाओ, सबके लण्ड पर हाथ मारो, अपनी सास का भोसड़ा चुदाओ, अपनी नन्द की बुर में लण्ड पेलो, अपने मियां के दोस्तों से चुदवाओ, सबको अपनी बुर ख़ुशी ख़ुशी दो ? सबसे गांड मराओ, सबके लण्ड मुठ्ठ मार कर पियो ?
मैंने कहा यह सब मैं कैसे कर पाऊँगी रिया ? तब उसने बताया की तुम Sex की कहानियां पढ़ा करो ? 'बहू की बुर सास का भोसड़ा' 'बहू ने मारी सास की गांड' 'तेरे जेठ का लण्ड है बेटी' 'देवर का भोसड़ी का लण्ड' जैसी कहानियां पढ़ा करो ? उसमे जो लिखा है वही करो तुम्हारी ज़िन्दगी बिलकुल बदल जाएगी भाभी, जैसे मेरी ज़िन्दगी बदल गई है। मैंने इसकी कहानियां पढ़ी तो भकाभक सबसे चुदवाने लगी। मैं भी पहले लण्ड से परहेज करती थी लेकिन अब मैं किसी का भी लण्ड और कोई भी लण्ड छोड़ती नहीं हूँ। सारे लण्ड अपनी बुर में घुसड़ लेती हूँ। ऐसा कह कर रिया एक लैपटॉप उठा कर मेरे कमरे में ले आई और उसे खोल कर Sex की कहानियां मुझे दिखायीं।
कहानियों के शीर्षक पढ़ते ही मेरी चूत में आग लग गयी। मेरी गांड भी दुपदुपाने लगी। मेरी चूंचियां फड़कने लगीं। रिया में एक 'सास बहू की कहानी' निकाली और एक 'भाभी और नन्द' की कहानी ? मैं कहानी पढने लगी और इतने में रिया ने मेरे ब्लाऊज़ में हाथ घुसेड़ दिया और मेरी चूंची दबाने लगी। फिर वह मेरे पेटीकोट में हाथ डाल कर मेरी चूत सहलाने लगी। यकायक मेरा भी हाथ उसकी चूत तक पहुंच गया। मैं एक तरफ कहानी पढ़ने लगी और दूसरी तरफ नन्द की चूंची, कभी उसकी गांड कभी उसकी चूत सहलाने लगी। मैंने कहा रिया तूने झांटें नहीं बनायीं क्या ? वह बोली अरे भाभी मेरे देवरों को झांटे बहुत अच्छी लगती हैं इसलिए मैं इन्हे बिलकुल साफ़ नहीं करती बस थोड़ा ट्रिम कर लेती हूँ। थोड़ी देर में मैंने कहा रिया अब मैं बुरी तरह चुदासी हो गयी हूँ। मेरी बुर में लण्ड पेलो लण्ड ? वह बोली अरे भाभी अब इस समय मैं लण्ड कहाँ से लाऊं ? मैंने कहा चाहे कहीं ले ला ? अपने अब्बू का लण्ड ला चाहे अपने ससुर का लण्ड ? अपने देवर का लण्ड लण्ड ला चाहे अपने मामू जान का लण्ड ? कोई न कोई लण्ड पेल दे मेरी बुर में नहीं तो मर जाऊँगी यार ? मुझसे अब बर्दास्त नहीं होता ? मुझे अभी एक नहीं २/३ लण्ड चाहिए बहन चोद ?
इतनी गरम कहानियां तो मैंने आजतक कभी पढ़ीं ही नहीं ? यह मादर चोद कौन है इन्हे लिखने वाला ? लिखने वाले की माँ का भोसड़ा ? लिखने वाले की बहन की बुर ? साला इस तरह लिखेगा तो सबकी बुर में सबके लण्ड घुसेड़ने पड़ेंगें ? मैं तो अभी तक चूतिया ही बनी रही ? आज मुझे मालूम हुआ की दुनिया में क्या क्या होता है ? तुम अपनी बुर बचा कर रखना रिया ? मैं चोदूंगी तेरी चूत रिया ? मैं चोदूंगी तेरी माँ का भोसड़ा ? तेरे अब्बा का लण्ड तो मैं आज रात में ही पकड़ कर चूस डालूंगी ? यार तूने आग लगा दी है मेरे तन बदन में ? अरे हां तेरा मियां तो घर में ही है भोसड़ी का रिया ? जा उसे जल्दी से ले आ ? मैं आज तेरे सामने ही तेरे मियां का लण्ड चूसूंगी और उसे अपनी बुर में घुसा कर चुदवाऊँगी। अब तो मैं रंडी बन जाऊँगी। मैं आज से सास की गांड मारना शुरू कर दूँगी। मैं सच में कहानी पढ़ पढ़ कर वैसे ही चुदवाऊँगी जैसा इसमें लिखा है। रिया ने कहा अरे भाभी मेरा मियां भोसड़ी का रात भर अपनी भाभी की बुर चोदता रहा और मैं उसके दोस्त से रात भर चुदवाती रही ? वो तो अभी सो रहा होगा ? मैंने कहा अरी रिया तू उसे ले आ मैं उसका लौड़ा खड़ा कर लूंगी। मैं नंगी बैठी हुई उसका इंतज़ार कर रही हूँ।
मिस माला भी अपनी कहानी बताने लगीं ।
उसने कहा :- मैं भोसड़ी की पहले बहुत शर्मीली थी. मादर चोद ? गन्दी बातें न करती थी और न सुनती थी। गन्दी गन्दी बातों से मेरी गांड फटती थी। मुझे गालियों से सख्त नफरत थी। ब्लू फिल्मों से तो बहुत डरती थी. इसके नाम से ही मेरी माँ चुदने लगती थी। हां, नंगी नंगी तश्वीरें देखना तो चाहती थी लेकिन मेरी हिम्मत नहीं होती थी। मैं जब २२ साल की हुई तो धीरे धीरे लड़कों से बातें करने लगी. मुझे थोड़ा मज़ा आने लगा। मेरी चूत अंदर से कुलबुलाने लगी। चूंचियां फड़कने लगीं और गांड में भी हरकत होने लगी लेकिन मैंने किसी को बताया नहीं ? मैं एम बी ए किया। कुछ लड़कों के संपर्क में आई और मेरे अंदर लण्ड पकड़ने की इच्छा जागने लगी। एक दिन मैंने एक लड़के का लण्ड सिनेमा हाल में पकड़ा तो मुझे बड़ा मज़ा आया और फिर मैंने २/३ लड़कों के लण्ड पकड़ कर चूसे भी। २ लड़कों से चुदवाया भी मैंने लेकिन डरते डरते ? उसके दो साल बाद मैं एक कॉलेज में असिस्टेंट प्रोफेसर बन गयी ? मेरी उम्र २६ साल की हो गयी। मेरी चूंचियां बड़ी बड़ी हो गयीं। मेरी गांड मोटी हो गयी। मेरी चूत चबूतरा हो गयी। अब मुझे लण्ड की याद सताने लगी। फिर भी मैं अच्छी तरह खुल नहीं पायी और अंदर ही अंदर दबी हुई बनी रही।
एक दिन कॉलेज में मैंने एक लड़की को गाली बकते हुए सुन लिया। उसका नाम था जूली डिसूज़ा। मैंने उसे अपने घर संडे को बुला लिया। मैं उससे खुल कर बातें करने ले और पूंछा शराब पीती हो ? वह बोली यस मेम, मैं शराब बहन चोद बहुत पीती हूँ।
मेरे दो ही शौक है एक शराब पीना और दूसरा लण्ड पीना ? मेरी चूत भी बहन चोद शराब पीती है और लण्ड पीती है।
मैं मुस्कराई और बोली लो शराब पियो लेकिन मेरे पास लण्ड नहीं है ? मैं उसके साथ शराब पीने लगी। वह बोली वाओ, मेम आपके पास लण्ड नहीं है यह मैं कैसे मान सकती हूँ। इतने बड़े बड़े मस्त जवान लड़के है अपने कॉलेज में और आपके पास लण्ड नहीं हैं ? देखिये बुरा न मांनना मैं तो कहती हूँ की आपके पास लण्ड तो हैं पर आपके पास हिम्मत नहीं है। अच्छा यह बताओ आपके पास लैपटॉप है ? नेट है ? मैंने कहा हां दोनों हैं। फिर उसने मुझसे लैपटॉप ले लिया और उसे खोल कर दिखाने लगी मुझे Sex की मस्त कहानियां ? बाप रे बाप मैं तो कहानियों के शीर्षक ही पढ़ कर गरम ही गयी। मेरी चूत बहन चोद गीली हो गयी। वह बोली मेम इस ब्लॉग की कहानियां सबसे ज्यादा गरम है। इतनी गरम कहानियां किसी और ब्लॉग की नहीं हैं और न कही किसी नेट पर हैं।
जो लड़की इसकी कहानियां पढ़ती है वो भोसड़ी की फ़ौरन लण्ड पकड़ने लगती है, लण्ड चूसने लगती है और चुदवाने लगती हैं । खुल कर गालियां बकने लगती है। सबकी माँ बहन चोदने लगती हैं । यही हाल मेरे साथ भी हुआ। मैं भी इसकी कहानियां पढ़कर लण्ड पकड़ने लगी, बुर चुदवाने लगी, गांड मरवाने लगी, गालियां बकने लगी और फिर भी मैंने कई सहेलियों को इसकी कहानियां पढ़ने की सलाह दी। अब सब की सब मादर चोद अपनी माँ चुदवाती है और खूब एन्जॉय करती हैं। आपको मालूम है मेम, की कॉलेज की हर लड़की लण्ड पीती है। कविता मेम, आसिया मेम साजिया मेम सब की सब यही कहानियां पढ़ पढ़ कर चुदवाने लगी हैं। कॉलेज के लड़कों की की तो बुर चोदने की लाटरी खुल गयी है ?
फिर उसने मुझसे कहानियां पढ़ने के लिए कहा ? इसमें हर तरह की कहानियां है और सबकी सब खुल्लम खुल्ला है। माँ चुदाना, बहन चुदाना, सास का भोसड़ा, बहू की बुर, बिटिया की बुर, अब्बू का लण्ड, सर का लौड़ा, आपस की चोदा चोदी, पिकनिक में चोदा चोदी, ट्रैन में चुदाई, बीवियों की अदला बदली, पतियों की अदला बदली, मेरी बीवी चोदो, मेरे मियां से चुदाओ और भी बहुत कुछ है इसमें मेम। बड़ा मज़ा आता है मुझे मेम इन कहानियों को पढ़ कर ?
मैं कहानियां पढ़ने लगी और वह मेरे कपडे खोलने लगी। मुझे बुरी तरह नंगी कर दिया और वह भी बुर चोदी नंगी हो गयी। वह मेरी चूत चाटने लगी। मैंने कहा यार तूने तो आग लगा दी अब बहन चोद इसे बुझायेगा कौन ? वह बोली इसे तो केवल लण्ड ही बुझाएगा मेम। मैं अभी कुछ लड़कों को बुलाती हूँ। बस थोड़ी देर में ही चार लड़के मेरे घर आ गये ? उसने चारों को नंगा किया और दो लण्ड मुझे पकड़ा दिया और दो लण्ड खुद पकड़ कर चूसने लगी। फिर मैंने उसके दो लण्ड चूसे और उसने मेरे दो लण्ड चूसे ? इसी तरह रात भर हम दोनों ने खूब मस्ती से लण्ड अदल बदल कर चुदवाया और गांड भी मरवाई।
आज आलम यह है की मैं हर रोज़ कहानी पढ़ती हूँ और फिर चुदवाती हूँ।
मिसेज फ़रज़ाना कहने लगीं की मेरी एक जवान बेटी है अब तो उसकी शादी भी हो चुकी है लेकिन वर्षों तक मैं उससे छुप छुप कर चुदवाती रही और वह मुझसे छुप छुप कर चुदवाती रही। एक दिन अचानक किसी ने मुझे Sex की कहानियां पढने की सलाह दी। मैं उसी दिन से कहानियां पढ़ने लगी । मैंने कई कहानियां पढ़ी और हर कहानी में मुझे नंगी होना पड़ता है। मेरी उंगलियां अपने आप मेरी चूत में घुस जाती हैं तब मैं किसी न किसी को बुला चुदवाती जरूर हूँ। माँ बेटी की कहानियों ने मुझे बहुत प्रभावित किया ? मैंने अपनी बेटी को भी कहानियां पढ़वायीं ? वह बोली अब हम दोनों को खुल कर बात करनी चाहिए अम्मी जान ? मैंने कहा तो करो न भोसड़ी की ? मैं तो बात क्या तेरी बुर चुदवाना चाहती हूँ, बेटी ? वह बोली और मैं अपनी माँ का भोसड़ा चुदवाना चाहती हूँ अम्मी जान ? मैं आज ही लण्ड अपनी माँ के भोसड़ा में पेलूँगी ? मैंने कहा तो फिर मैं भी आज ही लण्ड पेलूँगी अपनी बिटिया की बुर में ? उसी दिन से हम दोनों एक दूसरे की बुर चोदने / चुदवाने लगीं और मज़ा करने लगीं ? आज हम दोनों बहुत ही खुश हैं।
पहले मैं ब्लू फिल्म देखती नहीं थी, गन्दी गन्दी बातें करती नहीं थी, गालियां मुंह से निकालती नहीं थी। गैर मर्द से चुदवाना तो दूर मैं किसी पराये मरद के लण्ड के बारे में सोंच भी नहीं सकती थी। मुझे यह सब करना बहुत बड़ा पाप लगता था। कभी जब रात को अपने हसबैंड से चुदवाना होता था तो बस यूँ ही कपडे खोल कर चुदवा लेती थी, कभी मन से और कभी बे मन होकर ? इस तरह मेरी ज़िन्दगी दिन पर दिन नीरस होने लगी। मैं बोर होने लगी। सेक्स करने की इच्छा धीरे धीरे ख़तम होने लगी।
तभी एक दिन मेरी सहेली ने 'सेक्सब्लोग्स' की कहानियां पढ़ने की सलाह दी। उस दिन दोपहर का समय था। मैं घर पर अकेली थी। हसबैंड ऑफिस में थे। मैं नेट पर बैठ गयी और कहानियां खोल कर देखने लगी। मेरे मुंह से निकला बाप रे बाप ? ये तो बहुत ही गन्दी गन्दी एकदम खुली खुली कहानियां है। इनके title शीर्षक ही बड़े सेक्सी है बहन चोद ? मैं तो बड़ी देर तक कहानियों के शीर्षक ही पढ़ती रही ? बस मेरी चूत में जो पहले कभी नहीं हुआ वह सब होने लगा। कहानी के साथ फोटो देख कर तो और मस्त होने लगी, मैं ? धीरे धीरे मेरे सारे कपड़े अपने आप उत्तर गये और मैं नंगी हो गयी। एक कहानी पढ़ी। कहानी "wife swapping" यानी "बीवियों की अदला बदली" की थी। कहानी पढ़ते ही मेरी ऊँगली अपने आप मेरी चूत में घुस गयी। पहले एक फिर दो और फिर तीन ऊँगली घुस गयीं बुर चोदी ? कहानी खत्म खत्म होते होते मैं एक पतली सी बोतल अपनी चूत में घुसा चुकी थी। वह ९" की बोतल बहन चोद पूरी की पूरी अंदर घुस गयी।
मैं जान गयी की आज अगर मेरे हाथ में ९" का लण्ड होता तो कितना मज़ा आता ? मेरी अपनी बुर चुदवाने की इच्छा अचानक बढ़ गयी। मैं एक मोटे मस्ताने लण्ड के बारे में सोंचने लगी। मैंने अपनी उसी सहेली को फोन लगाया जिसने मुझे Sex की कहानियां पढने के लिए कहा था। मैं बोली यह क्या कर दिया तूने मादर चोद सीमा ? मैंने अभी एक ही कहानी पढ़ी है की मेरी चूत बुर चोदी भठ्ठी की तरह जलने लगी है। यार मैं अभी चुदवाना चाहती हूँ ? कोई लण्ड बताओ जल्दी से मुझे ? वह बोली यार इस समय तो मेरे पास कोई लण्ड नहीं है कहो तो मैं अपने हसबैंड को भेज दूँ वही घर पर है इत्तिफ़ाक़ से ? मैं जोश में थी मैंने कहा हां भेज दो यार आज मैं उसी से चुदवाऊँगी तभी मेरी आग ठंढी होगी।
आधे घंटे में समीर मेरे आपस आ गया। मैंने उसे तुरंत अपनी बाहों में भर लिया और चिपका लिया मैं बोली हाय दईया समीर चोदो मुझे ? भकाभक चोदो मुझे। अपना लौड़ा पूरा घुसा के चोदो मुझे ? मैं चुदासी हो गयी हूँ। मैं फ़ौरन उसके सामने नंगी नगी खड़ी हो गयी। उसके भी कपडे फ़टाफ़ट उतारा और लण्ड पकड़ कर हिलाने लगी। लण्ड साला टन्ना गया और मैं उसे मुंह में लेकर चूसने लगी। मैंने उसे चिट लिटा दिया और उसके ऊपर चढ़ बैठी। अपनी चूत उसके मुंह पर रख दी और मैं झुक कर उसका लण्ड चूसने लगी। हम दोनों 69 की position में थे। मज़ा आने लगा। यही सब उस कहानी में लिखा था। उसमे लिखा था की पराये मरद का लण्ड ज्यादा मज़ा देता है। आज मुझे यह बात बिलकुल सच लग रही है। मुझे सीमा के मियां का लण्ड ज्यादा अच्छा लग रहा है। मैं लण्ड का सुपाड़ा बार बार मुंह से निकाल कर चूस रही थी जैसे आम की गुठली चूसी जाती है।
इतने में सीमा का फोन आ गया उसने पूंछा कामिनी मेरा मरद पहुँच गया ? मैंने कहा हां यार मुझे उसका लण्ड गया। मैं लण्ड चूस रही हूँ। मैं इस समय ज़न्नत में हूँ बाद में बात करूंगी। मैं फिर लण्ड चूसने में जुट गयी। थोड़ी देर में मैंने लण्ड अपनी चूत में पेला और मद मस्त होकर चुदवाने लगी। सच बताऊँ दोस्तों, मुझे चुदाई में इतना मज़ा पहले कभी नहीं आया ? चोदने के बाद वह चला गया। उसके पहुँचने के पहले मैंने कामिनी को फोन लगाया और कहा यार मुझे तेरे मरद से चुदवाकर बड़ा मज़ा आया। अब मैं कहती हूँ की तुम भी मेरे मरद से चुदवा लो। मेरा मरद कल आ जायेगा । तुम कल ही उससे चुदवाना। वह बोली ऐसे नहीं यार, कामिनी ? मैं तो वैसे ही चुदवाऊँगी जैसा कहानी में लिखा है। कल तुम मेरे घर डिनर पर अपने हसबैंड के साथ आना और फिर एक ही कमरे में मैं तेरे मरद से चुदवाऊँगी और तुम मेरे मरद से चुदवाना।
बस दूसरे दिन जब हम दोनों ने एक दूसरे के मियां से एक ही कमरे में आमने सामने चुदवाया तो शर्म की तो माँ चुद गयी। उसके बाद तो मेरी चूत में जान आ गयी और मैंने कई मर्दों से चुदवाया। आजकल हफ्ते में दो बार सेक्स पार्टी में जाती हूँ और खूब गैर मर्दों से चुदवा कर आती हूँ। लगता है की मेरी जवानी वापस आ गयी है। thanks to Sex. अब तो रोज़ कहानियां पढ़ती हूँ और रोज़ चुदवाती हूँ।
दोस्तों, मैं सारा खान हूँ. मैं २१ साल की एक मदमस्त खूबसूरत, जवान लड़की हूँ। मेरा बदन गदराया हुआ है। मेरा कद ५' ५" है, बड़ी बड़ी सुडौल चूंचियां हैं, पतली कमर है, उभरे हुए चूतड़ हैं, उनके बीच में एक मस्तानी गांड है, मोटी मोटी जांघें है और उनके बीच एक सेक्सी चूत है, झांटें आजकल तो साफ है नहीं तो कभी झांटों का जंगल था। मुझे गन्दी गन्दी बातें बहुत अच्छी लगती हैं, हंसी मजाक खूब करती हूँ, गालियां तो मेरे घर ही बहुत दी जातीं हैं। अब्बू गाली बकते हैं। अब्बू से ज्यादा अम्मी गालियां देती हैं। मेरी खाला भोसड़ी की बिना गाली के बात ही नहीं करती ? इसलिए मैं भी गालियां सीख चुकी हूँ। कॉलेज में लड़कियां कड़कों से ज्यादा गालियां बकतीं हैं । लेकिन जाने क्यों मेरे मुह से गालियां बहुत कम निकलती हैं।
लड़कियां अक्सर लण्ड की बातें करती है, लण्ड के साइज़ की बातें करती है। चोदा चोदी की बातें करतीं हैं । कुछ लड़कियां तो अपनी चूंचियां तक लड़कों को दिखा देती हैं। अपनी झांटें दिखा देती हैं, धीरे धीरे लड़कियां माँ चुदाने की बातें करने लगीं। कोई कहती मैं माँ चुदा कर आ रही हूँ, कोई कहती मैंने आज अपनी माँ चुदवाई, कोई कहती यार माँ चुदाने में देर हो गयी। कोई कहती की कल मेरा पडोसी मेरी माँ चोद गया ? कोई कहती यार कल तो बहुत मज़ा आया जब मैंने अपनी माँ चुदवाई और मेरी अम्मी ने भी लण्ड मेरी बुर में पेला ? मैं मन ही मन सोंचने लगी की ये सब भोसड़ी वाली मुझे चूतिया बना रही हैं। झूंठ बोल रही हैं सब की सब बहन चोद ? भला कोई लड़की अपनी माँ कैसे चुदवायेगी ?
एक दिन मैं अपनी रहीमा आंटी के घर गयी।
- बातो बातों में ही वह भी पूंछ बैठी सारा भोसड़ी की तू अपनी माँ चुदवाती है की नहीं ?
- मैंने कहा नहीं आंटी बिलकुल नहीं चुदवाती ?
- उसने पूंछा गालियां बकती हो की नहीं ?
- मैंने कहा बहुत कम आंटी नहीं के बराबर ?
- उसने फिर पूंछा कभी अम्मी के आगे किसी का लण्ड पकड़ा तूने ?
- मैंने जबाब दिया नहीं कभी नहीं पकड़ा आंटी ?
- तब वह बोली तो फिर इस जवानी में क्या गांड मरा रही है तू अपनी ?
- मैंने कहा नहीं आंटी मैं गांड भी नहीं मरवाती ?
- आंटी तो तू अपनी चूत, अपनी गांड, अपनी चूंची किसी और को दे दे, कम से कम वह तो इनका इस्तेमाल कर ले ?
- मैंने कहा ऐसा क्या आँटी ? तुम ऐसा क्यों कह रही हो ?
- वह बोली तू माँ की लौड़ी जानती ही नहीं की जवानी क्या होती है ? जवानी का मज़ा क्या होता है ? तेरी चूत में आग नहीं है ? तेरी गांड में दम नहीं है ? तेरी चूंचियों में भी कोई रस नहीं है ? तू बिलकुल बेकार लड़की है। जब तू अपनी बुर नहीं चुदवाती तो फिर अपनी माँ का भोसड़ा कैसे चुदवायेगी बुर चोदी सारा ? मेरी बेटी को देख हर दूसरे दिन अपनी माँ के भोसड़ा में लण्ड पेलती है। मैं भी अपनी बिटिया की बुर चुदवाती हूँ। देख सारा यह जवानी बार बार नहीं आएगी ?
- तो मैं क्या करूँ आंटी बताओ न प्लीज ? मैं एक हॉट लड़की हूँ। मैं ठंढी नहीं हूँ। मेरे अंदर भी आग है आंटी।
- तो तू आज से ही Sex की कहानियां पढ़ना शुरू कर दे ? और वही कर जो उसमे लिखा है ? तू hot लड़की नहीं hottest लड़की बन सकती है ?
मैं सोंचने लगी की वास्तव में ऐसा होता है क्या ? लड़कियां खुले आम अपनी माँ चुदवाती हैं क्या ? खुल्लम खुल्ला लण्ड अपनी माँ की चूत में पेलती हैं क्या ? मादर चोद अम्मी, भोसड़ी की अम्मी, कह कर गालियां देतीं हैं क्या ? अम्मियाँ भी अपनी बेटियां उतनी ही मस्ती से चुदवाती हैं क्या ? अपनी बेटियों को बुर चोदी, हरामजादी, माँ की लौड़ी कह कर बुलातीं हैं, क्या ? फिर सोंचा की रहीमा आंटी तो सही में ऐसा करती हैं। इसका मतलब सब जगह ऐसा ही होता है ? मैं ही एक ऐसी बेवकूफ़ लड़की हूँ जो अपनी माँ नहीं चुदवाती ? सब अपनी माँ चुदवाती हैं. सब लोग जवानी का मज़ा लेती है और मैं भोसड़ी वाली चुपचाप अंदर घुसी हुई बैठी रहती हूँ।
मैं रात भर कहानियां पढ़ती रही। कहानियों से उठकर जाने का मन ही नहीं कर रहा था। अचानक सवेरा हो गया ? मैंने लैपटॉप बंद किया और सीधे रहीमा आंटी के घर पहुँच गयी।
मैं आंटी को देखते ही बोली - हाय रहीमा आंटी, कहाँ है मेरी माँ का भोसड़ा बहन चोद ? मैं आज ही लण्ड पेलूँगी उसकी बुर में ? उसकी बहन का लण्ड ? उसने कभी बताया नहीं की मेरा भोसड़ा चुदाओ सारा ? उसकी बिटिया की बुर ? आज मैं तेरे सामने चोदूंगी उसका भोसड़ा ? उधर से अम्मी की आवाज़ आई। वह बोलने लगी - कहाँ है बुर चोदी सारा रहीमा बता मुझे ? आज मैं उसकी बुर में पेलूँगी लण्ड ? साली हरामजादी भोसड़ी की भरी जवानी में भी कभी अपनी माँ नहीं चुदवाई ? कभी लण्ड मेरी चूत में नहीं पेला ? अपनी चूत अपनी चूंची छुपाकर बैठी हुई है मादर चोद सारा ? सारा तेरी माँ का भोसड़ा ? तेरी माँ की चूत ,बहन चोद ?
मैंने जब उसे देखा और उसने मुझे देखा तो हम दोनों हंस पड़ी ? रहीमा आंटी बोली सारा मैंने तेरी अम्मी को भी Sex की कहानियां रात भर पढ़वायीं इसीलिए इसको भी जोश आ गया है और तुम्हे भी। मैंने कहा आंटी इतनी मस्त कहानियां मैंने ज़िन्दगी में पहले कभी नहीं पढ़ी ? एक ही कहानी में मेरी चूत भठ्ठी की तरह जलने लगी. सच बताऊँ आंटी अगर मेरी अम्मी मेरे पास होतीं तो मैं उसका भोसड़ा खोल कर चोदने लगती ? अम्मी ने कहा मैं सारा की बात सही मानती हूँ। मैं जब कहानियां पढ़ रही थी तो मेरा भोसड़ा साला बहुत चुदासा हो गया , मुझे लगा की अगर सारा मुझसे खुली होती तो आज मैं उसके बॉय फ्रेंड से चुदवा लेती। उसका लौड़ा अपनी बेटी के सामने अपनी चूत में घुसेड़ लेती और फिर वही लण्ड उसकी बुर में घुसा देती। मेरे अंदर अपनी बिटिया चुदवाने की इच्छा जोर पकड़ने लगी। मैंने कहा आंटी अब तो मैं अपनी माँ का भोसड़ा चुदवाकर ही जाऊँगी। मेरी अम्मी बोली और मैं भी अपनी बेटी सारा की बुर चुदवाकर ही जाऊँगी।
उसी दिन से मैं अपनी माँ चुदवाने लगी और अब हम दोनों बहुत खुश है। मेरा confidence बढ़ गया। thanks to Sex. अब तो मैं एक कहानी पढ़ती हूँ और अपनी माँ चुदवाती हूँ। मेरी अम्मी भी एक कहनी पढ़ती है और लण्ड मेरी बुर में पेल देती है।
मेरा नाम नाज़नीन है लेकिन लोग मुझे नाज़ कह कर ही बुलातें हैं। मैं २५ साल की हूँ, खूबसूरत हूँ, बड़ी बड़ी सुडौल चूंचियों वाली हूँ। पतली कमर और उभरे हुए चूतड़ों वाली हूँ। मस्त गांड वाली और चबूतरा जैसी चूत वाली हूँ। मेरी शादी के अभी ३ महीने हुआ है। मैं अपनी ससुराल में हूँ। यहाँ पर संभल संभल कर कदम रख रही हूँ की कहीं होई नाराज़ न हो जाये ? सभी की बात मानती हूँ खूब काम करती हूँ और सबकी इज़्ज़त करती हूँ। मैं स्वाभाव से शर्मीली हूँ, गालियां सुनकर मज़ा लेती हूँ लेकिन गाली कभी देती नहीं ? चोदा चोदी की बातों में मज़ा आता है लेकिन मैं अपने शौहर के अलावा किसी और से चुदवाती नहीं ? ब्लू फिल्म पहले देखा है लेकिन अब नहीं देखती क्योंकि उसे देखने से चुदाई की इच्छा बढ़ जाती है। माईके में एक बार अपने मामू जान का लण्ड पकड़ा था उसके बाद किसी और का लण्ड नहीं पकड़ा ?
एक दिन मेरी नन्द मेरे पास आई और बोली हाय नाज़ भाभी तेरी शादी के ३ महीने हो चुके हैं और आजतक तूने अपने देवर का भी लण्ड नहीं पकड़ा ? उसका लण्ड कभी अपनी बुर में नहीं पेला ? अपने मियां के अलावा किसी और से चुदवाया नहीं तूने ? तू भोसड़ी की इतनी सूखी ज़िन्दगी क्यों गुज़ार रही है ? तेरी चूत में आग नहीं है क्या ? कभी अपनी माँ का भोसड़ा नहीं चुदवाया तूने क्या ? कभी कसी का लौड़ा नहीं चूसा तूने क्या ? अरे तूने लगता है की किसी से अपनी गांड भी नहीं मरवाई ? मैंने कहा हां रिया (मेरी नन्द) तू सही कह रही है मैंने कभी गांड भी नहीं मरवाई ? वह बोली तो इससे तुझे क्या हांसिल हो जायेगा ? क्या बिना गैार मरद के चुदवाने से तुझे ज़न्नत मिल जाएगी मादर चोद ?
मुझे देखो मेरी शादी के अभी २ महीने ही हुए हैं। मैं अपने दोनों देवरों से चुदवाती हूँ, अपने जेठ का भी लण्ड मौक़ा पाकर पेल लेती हूँ अपनी बुर में ? अपने नंदोई से खूब चुदवाती हूँ, एक दिन मैंने खालू ससुर का लण्ड पकड़ लिया तबसे वह हर रोज़ मेरे आगे लण्ड खोल कर खड़ा हो जाता है। वह भी मुझे चोदने लगा है। और अभी एक हफ्ते पहले मेरा ससुर का लण्ड भी मेरे हाथ में आ गया। अब मैं अपने भोसड़ी वाले ससुर से भी खुल कर चुदवाती हूँ। एक तू है जो बहन चोद एक ही लण्ड लिए घूम रही है। मैंने कहा तो मैं क्या करूँ मैं रिया तुम ही बताओ ? वह बोली खूब गालियां बको, सबकी माँ बहन चोदो, सबको अपनी चूंचियां दिखाओ, सबके लण्ड पर हाथ मारो, अपनी सास का भोसड़ा चुदाओ, अपनी नन्द की बुर में लण्ड पेलो, अपने मियां के दोस्तों से चुदवाओ, सबको अपनी बुर ख़ुशी ख़ुशी दो ? सबसे गांड मराओ, सबके लण्ड मुठ्ठ मार कर पियो ?
मैंने कहा यह सब मैं कैसे कर पाऊँगी रिया ? तब उसने बताया की तुम Sex की कहानियां पढ़ा करो ? 'बहू की बुर सास का भोसड़ा' 'बहू ने मारी सास की गांड' 'तेरे जेठ का लण्ड है बेटी' 'देवर का भोसड़ी का लण्ड' जैसी कहानियां पढ़ा करो ? उसमे जो लिखा है वही करो तुम्हारी ज़िन्दगी बिलकुल बदल जाएगी भाभी, जैसे मेरी ज़िन्दगी बदल गई है। मैंने इसकी कहानियां पढ़ी तो भकाभक सबसे चुदवाने लगी। मैं भी पहले लण्ड से परहेज करती थी लेकिन अब मैं किसी का भी लण्ड और कोई भी लण्ड छोड़ती नहीं हूँ। सारे लण्ड अपनी बुर में घुसड़ लेती हूँ। ऐसा कह कर रिया एक लैपटॉप उठा कर मेरे कमरे में ले आई और उसे खोल कर Sex की कहानियां मुझे दिखायीं।
कहानियों के शीर्षक पढ़ते ही मेरी चूत में आग लग गयी। मेरी गांड भी दुपदुपाने लगी। मेरी चूंचियां फड़कने लगीं। रिया में एक 'सास बहू की कहानी' निकाली और एक 'भाभी और नन्द' की कहानी ? मैं कहानी पढने लगी और इतने में रिया ने मेरे ब्लाऊज़ में हाथ घुसेड़ दिया और मेरी चूंची दबाने लगी। फिर वह मेरे पेटीकोट में हाथ डाल कर मेरी चूत सहलाने लगी। यकायक मेरा भी हाथ उसकी चूत तक पहुंच गया। मैं एक तरफ कहानी पढ़ने लगी और दूसरी तरफ नन्द की चूंची, कभी उसकी गांड कभी उसकी चूत सहलाने लगी। मैंने कहा रिया तूने झांटें नहीं बनायीं क्या ? वह बोली अरे भाभी मेरे देवरों को झांटे बहुत अच्छी लगती हैं इसलिए मैं इन्हे बिलकुल साफ़ नहीं करती बस थोड़ा ट्रिम कर लेती हूँ। थोड़ी देर में मैंने कहा रिया अब मैं बुरी तरह चुदासी हो गयी हूँ। मेरी बुर में लण्ड पेलो लण्ड ? वह बोली अरे भाभी अब इस समय मैं लण्ड कहाँ से लाऊं ? मैंने कहा चाहे कहीं ले ला ? अपने अब्बू का लण्ड ला चाहे अपने ससुर का लण्ड ? अपने देवर का लण्ड लण्ड ला चाहे अपने मामू जान का लण्ड ? कोई न कोई लण्ड पेल दे मेरी बुर में नहीं तो मर जाऊँगी यार ? मुझसे अब बर्दास्त नहीं होता ? मुझे अभी एक नहीं २/३ लण्ड चाहिए बहन चोद ?
इतनी गरम कहानियां तो मैंने आजतक कभी पढ़ीं ही नहीं ? यह मादर चोद कौन है इन्हे लिखने वाला ? लिखने वाले की माँ का भोसड़ा ? लिखने वाले की बहन की बुर ? साला इस तरह लिखेगा तो सबकी बुर में सबके लण्ड घुसेड़ने पड़ेंगें ? मैं तो अभी तक चूतिया ही बनी रही ? आज मुझे मालूम हुआ की दुनिया में क्या क्या होता है ? तुम अपनी बुर बचा कर रखना रिया ? मैं चोदूंगी तेरी चूत रिया ? मैं चोदूंगी तेरी माँ का भोसड़ा ? तेरे अब्बा का लण्ड तो मैं आज रात में ही पकड़ कर चूस डालूंगी ? यार तूने आग लगा दी है मेरे तन बदन में ? अरे हां तेरा मियां तो घर में ही है भोसड़ी का रिया ? जा उसे जल्दी से ले आ ? मैं आज तेरे सामने ही तेरे मियां का लण्ड चूसूंगी और उसे अपनी बुर में घुसा कर चुदवाऊँगी। अब तो मैं रंडी बन जाऊँगी। मैं आज से सास की गांड मारना शुरू कर दूँगी। मैं सच में कहानी पढ़ पढ़ कर वैसे ही चुदवाऊँगी जैसा इसमें लिखा है। रिया ने कहा अरे भाभी मेरा मियां भोसड़ी का रात भर अपनी भाभी की बुर चोदता रहा और मैं उसके दोस्त से रात भर चुदवाती रही ? वो तो अभी सो रहा होगा ? मैंने कहा अरी रिया तू उसे ले आ मैं उसका लौड़ा खड़ा कर लूंगी। मैं नंगी बैठी हुई उसका इंतज़ार कर रही हूँ।
मिस माला भी अपनी कहानी बताने लगीं ।
उसने कहा :- मैं भोसड़ी की पहले बहुत शर्मीली थी. मादर चोद ? गन्दी बातें न करती थी और न सुनती थी। गन्दी गन्दी बातों से मेरी गांड फटती थी। मुझे गालियों से सख्त नफरत थी। ब्लू फिल्मों से तो बहुत डरती थी. इसके नाम से ही मेरी माँ चुदने लगती थी। हां, नंगी नंगी तश्वीरें देखना तो चाहती थी लेकिन मेरी हिम्मत नहीं होती थी। मैं जब २२ साल की हुई तो धीरे धीरे लड़कों से बातें करने लगी. मुझे थोड़ा मज़ा आने लगा। मेरी चूत अंदर से कुलबुलाने लगी। चूंचियां फड़कने लगीं और गांड में भी हरकत होने लगी लेकिन मैंने किसी को बताया नहीं ? मैं एम बी ए किया। कुछ लड़कों के संपर्क में आई और मेरे अंदर लण्ड पकड़ने की इच्छा जागने लगी। एक दिन मैंने एक लड़के का लण्ड सिनेमा हाल में पकड़ा तो मुझे बड़ा मज़ा आया और फिर मैंने २/३ लड़कों के लण्ड पकड़ कर चूसे भी। २ लड़कों से चुदवाया भी मैंने लेकिन डरते डरते ? उसके दो साल बाद मैं एक कॉलेज में असिस्टेंट प्रोफेसर बन गयी ? मेरी उम्र २६ साल की हो गयी। मेरी चूंचियां बड़ी बड़ी हो गयीं। मेरी गांड मोटी हो गयी। मेरी चूत चबूतरा हो गयी। अब मुझे लण्ड की याद सताने लगी। फिर भी मैं अच्छी तरह खुल नहीं पायी और अंदर ही अंदर दबी हुई बनी रही।
एक दिन कॉलेज में मैंने एक लड़की को गाली बकते हुए सुन लिया। उसका नाम था जूली डिसूज़ा। मैंने उसे अपने घर संडे को बुला लिया। मैं उससे खुल कर बातें करने ले और पूंछा शराब पीती हो ? वह बोली यस मेम, मैं शराब बहन चोद बहुत पीती हूँ।
मेरे दो ही शौक है एक शराब पीना और दूसरा लण्ड पीना ? मेरी चूत भी बहन चोद शराब पीती है और लण्ड पीती है।
मैं मुस्कराई और बोली लो शराब पियो लेकिन मेरे पास लण्ड नहीं है ? मैं उसके साथ शराब पीने लगी। वह बोली वाओ, मेम आपके पास लण्ड नहीं है यह मैं कैसे मान सकती हूँ। इतने बड़े बड़े मस्त जवान लड़के है अपने कॉलेज में और आपके पास लण्ड नहीं हैं ? देखिये बुरा न मांनना मैं तो कहती हूँ की आपके पास लण्ड तो हैं पर आपके पास हिम्मत नहीं है। अच्छा यह बताओ आपके पास लैपटॉप है ? नेट है ? मैंने कहा हां दोनों हैं। फिर उसने मुझसे लैपटॉप ले लिया और उसे खोल कर दिखाने लगी मुझे Sex की मस्त कहानियां ? बाप रे बाप मैं तो कहानियों के शीर्षक ही पढ़ कर गरम ही गयी। मेरी चूत बहन चोद गीली हो गयी। वह बोली मेम इस ब्लॉग की कहानियां सबसे ज्यादा गरम है। इतनी गरम कहानियां किसी और ब्लॉग की नहीं हैं और न कही किसी नेट पर हैं।
जो लड़की इसकी कहानियां पढ़ती है वो भोसड़ी की फ़ौरन लण्ड पकड़ने लगती है, लण्ड चूसने लगती है और चुदवाने लगती हैं । खुल कर गालियां बकने लगती है। सबकी माँ बहन चोदने लगती हैं । यही हाल मेरे साथ भी हुआ। मैं भी इसकी कहानियां पढ़कर लण्ड पकड़ने लगी, बुर चुदवाने लगी, गांड मरवाने लगी, गालियां बकने लगी और फिर भी मैंने कई सहेलियों को इसकी कहानियां पढ़ने की सलाह दी। अब सब की सब मादर चोद अपनी माँ चुदवाती है और खूब एन्जॉय करती हैं। आपको मालूम है मेम, की कॉलेज की हर लड़की लण्ड पीती है। कविता मेम, आसिया मेम साजिया मेम सब की सब यही कहानियां पढ़ पढ़ कर चुदवाने लगी हैं। कॉलेज के लड़कों की की तो बुर चोदने की लाटरी खुल गयी है ?
फिर उसने मुझसे कहानियां पढ़ने के लिए कहा ? इसमें हर तरह की कहानियां है और सबकी सब खुल्लम खुल्ला है। माँ चुदाना, बहन चुदाना, सास का भोसड़ा, बहू की बुर, बिटिया की बुर, अब्बू का लण्ड, सर का लौड़ा, आपस की चोदा चोदी, पिकनिक में चोदा चोदी, ट्रैन में चुदाई, बीवियों की अदला बदली, पतियों की अदला बदली, मेरी बीवी चोदो, मेरे मियां से चुदाओ और भी बहुत कुछ है इसमें मेम। बड़ा मज़ा आता है मुझे मेम इन कहानियों को पढ़ कर ?
मैं कहानियां पढ़ने लगी और वह मेरे कपडे खोलने लगी। मुझे बुरी तरह नंगी कर दिया और वह भी बुर चोदी नंगी हो गयी। वह मेरी चूत चाटने लगी। मैंने कहा यार तूने तो आग लगा दी अब बहन चोद इसे बुझायेगा कौन ? वह बोली इसे तो केवल लण्ड ही बुझाएगा मेम। मैं अभी कुछ लड़कों को बुलाती हूँ। बस थोड़ी देर में ही चार लड़के मेरे घर आ गये ? उसने चारों को नंगा किया और दो लण्ड मुझे पकड़ा दिया और दो लण्ड खुद पकड़ कर चूसने लगी। फिर मैंने उसके दो लण्ड चूसे और उसने मेरे दो लण्ड चूसे ? इसी तरह रात भर हम दोनों ने खूब मस्ती से लण्ड अदल बदल कर चुदवाया और गांड भी मरवाई।
आज आलम यह है की मैं हर रोज़ कहानी पढ़ती हूँ और फिर चुदवाती हूँ।
मिसेज फ़रज़ाना कहने लगीं की मेरी एक जवान बेटी है अब तो उसकी शादी भी हो चुकी है लेकिन वर्षों तक मैं उससे छुप छुप कर चुदवाती रही और वह मुझसे छुप छुप कर चुदवाती रही। एक दिन अचानक किसी ने मुझे Sex की कहानियां पढने की सलाह दी। मैं उसी दिन से कहानियां पढ़ने लगी । मैंने कई कहानियां पढ़ी और हर कहानी में मुझे नंगी होना पड़ता है। मेरी उंगलियां अपने आप मेरी चूत में घुस जाती हैं तब मैं किसी न किसी को बुला चुदवाती जरूर हूँ। माँ बेटी की कहानियों ने मुझे बहुत प्रभावित किया ? मैंने अपनी बेटी को भी कहानियां पढ़वायीं ? वह बोली अब हम दोनों को खुल कर बात करनी चाहिए अम्मी जान ? मैंने कहा तो करो न भोसड़ी की ? मैं तो बात क्या तेरी बुर चुदवाना चाहती हूँ, बेटी ? वह बोली और मैं अपनी माँ का भोसड़ा चुदवाना चाहती हूँ अम्मी जान ? मैं आज ही लण्ड अपनी माँ के भोसड़ा में पेलूँगी ? मैंने कहा तो फिर मैं भी आज ही लण्ड पेलूँगी अपनी बिटिया की बुर में ? उसी दिन से हम दोनों एक दूसरे की बुर चोदने / चुदवाने लगीं और मज़ा करने लगीं ? आज हम दोनों बहुत ही खुश हैं।
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