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रोज़ नया लंड लेती है मेरी बीवी - Meri patni randi ban gayi hai
रोज़ नया लंड लेती है मेरी बीवी - Meri patni randi ban gayi hai , पूरा रंडी बना दिया - नया Sex Stories , मेरी बीवी की चूत में 40 लंड - Wife Sex Story , Meri Biwi Ki Chut Me 40 Lund , बीबी को किसी रंडी की तरह गैर मर्द से सम्भोग करते देखा.
बीवी बोली - रोज़ नयी बुर लेता है मेरा मियां
मियां बोला - रोज़ नया लंड लेती है मेरी बीवी
- उस दिन मैं घर में अकेली बैठी हुई थी। अचानक मेरे पड़ोस की रेहाना आंटी आ गयीं। आते ही मेरे ऊपर बरस पड़ीं। वह बोली अरी भोसड़ी की रेशमा तू तो बड़ी खुदगर्ज़ निकली ? कल तेरे कॉलेज में एक प्रोग्राम था उसमे तू मेरी बेटी को लेकर नहीं गयीं। वह बिचारी तेरा इंतज़ार ही करती रही। तुमसे यह उम्मीद नहीं थी मुझे ? तुम दोनों तो पक्की सहेलियां भी हो तब भी तुमने इस तरह का व्यवहार किया ?
- मैंने कहा अरे आंटी कल का प्रोग्राम केवल कॉलेज के लड़कों और लड़कियों का ही था ? सभी लड़कियों को सभी लड़कों के लण्ड पकड़ हिलाना, लण्ड चाटना चूसना, लण्ड का मुठ्ठ मारना और मुठ्ठ मार कर लण्ड पीने का प्रोग्राम था. उसमे बाहर की लड़कियों और लड़कों को आने नहीं दिया गया ? कोई बाहर वाला नहीं था। मेरी इच्छा थी की मैं तेरी बेटी सलमा को ले जाऊं पर मजबूर थी इसलिए नहीं ले जा पाई ? अब अगले प्रोग्राम में जरूर लेकर जाऊँगी ?
- आंटी बोली तो फिर अगले प्रोग्राम में क्या होगा ?
- मैंने कहा अगले प्रोग्राम में माँ चुदाने का खेल खेला जाएगा।
- आंटी बोली हाय दईया, तब तो तुम मुझे ले चलना ? मैं तेरी माँ बन कर लड़कों से खूब चुदवाऊँगी ? बड़ा मज़ा आएगा ? मुझे जवान जवान लड़कों से चुदवाने का मौक़ा मिलेगा ? तू कितनी अच्छी है माँ की लौड़ी रेशमा ?
- मैंने कहा उसमे भी बाहर की केवल एक लड़की के साथ एक लड़की ही जा सकती है। मैं सलमा को लेकर जाऊँगी किसी और को नहीं। वहां दो लड़कियां मिलकर माँ चुदाने का खेल करेंगीं। इसमें एक लड़की बेटी बनेगी और दूसरी माँ ? फिर एक लड़की दूसरी लड़की की चूत लण्ड पेलेगी ? जैसे कोई लड़की अपनी माँ के भोसड़ा में लण्ड पेलती है। इस खेल में केवल लड़कियां और लड़के ही रहेंगें। बाकी कोई और नहीं जा सकता ?
- तो फिर तू पिछली बार मेरी बेटी को क्यों नहीं ले गयी ?
- पिछली बार लण्ड चाटने और चूत चटाने का खेल हुआ था। उसमे एक लड़की अपनी चूत किसी लड़के को चटाती है और किसी दूसरे लड़के का लण्ड चूसती है। "चाटो लण्ड चटाओ चूत" लड़की को ऐसे में दो दो लड़कों का मज़ा मिलता है। इसी तरह एक लड़का एक लड़की को अपना लण्ड चटाता है और दूसरी लड़की की चूत चाटता है। "चाटो चूत चटाओ लण्ड" लड़के को ऐसे में दो दो लड़कियों का मज़ा मिलता है।
- अरे भोसड़ी की रेशमा तेरे कॉलेज में यही सब होता है की पढ़ाई भी होती है ?
- आंटी जी, हमारे कॉलेज में पढ़ाई और चुदाई दोनों साथ साथ होती है ? हां यह बात जरूर है की किसी दिन पढ़ाई ज्यादा और चुदाई कम है। किसी दिन चुदाई ज्यादा और पढ़ाई कम होती है।
- तो क्या यह सब लड़कियां और लड़के ही करतें है की इसमें टीचर्स भी शामिल होतें है ? अरे आंटी टीचर्स तो पहले शामिल होते है भोसड़ी वाले उन्हें लड़कियां चोदने का मौक़ा मिलता है और फीमेल टीचर्स तो दौड़ कर शलिम होतीं है। उन्हें तो लड़को से चुदवाने का मौक़ा मिलता है न ? उस दिन सभी टीचरें अपनी अपनी झांटें बनाकर तैयार होकर आतीं हैं।
- तू किसी दिन मुझे भी वहां की चुदाई दिखा दे रेशमा ?
- ठीक है मैं दिखा पर तुम किसी दिन अपनी बिटिया की बुर मेरे सामने चुदवाओ और तेरी बिटिया अपनी माँ का भोसड़ा मेरे सामने चुदवाये ?
- ठीक है कल इतवार है दिन में ११ बजे आ जाना मेरे घर।
सलमा बोली :- हां यार, रेशमा आज तुम मुझे अपनी माँ का भोसड़ा चुदाते हुए देखने आई हो।
आंटी बोली :- अरी सलमा, रेशमा तो मुझे भी अपनी बिटिया की बुर चुदाते हुए देखने आई है।
मैं उन दोनों की बातें सुनकर हंस पड़ी। इतने में सलमा मुझे अंदर बेड रूम में ले गयी। मैंने देखा की कमरे में एक जवान लड़का बैठा है और एक अधेड़ उम्र का आदमी। सलमा बोली रेशमा देखो यह लड़का माँ का लौड़ा है शीबू । यह मेरी माँ का भोसड़ा चोदने आया है। उसके बाद आंटी बोल पड़ी और यह है मादर चोद सल्लू मेरी बिटिया की बुर चोदने हैं। असल में ये दोनों चचा भतीजे हैं। मैंने पूंछा ये दोनों करते क्या है ? आंटी बोली बस अपना लण्ड ठोंकते है भोसड़ी वाले। तब तक शीबू का फोन आ गया। उसने स्पीकर ऑन किया और बोला हां कौन बोल रहा है ? उधर से आवाज़ आई अरे यार मैं अजमल बोल रहा हूँ। कल दिन में तुम्हे मेरी बीवी चोदने आना है ? अपने चचा भोसड़ी वाले को भी लेते आना ? वह भी मेरी बीवी चोदेगा। मैं तुम्हे बस याद दिला रहा हूँ। शीबू बोला हां यार मुझे याद है मैं कल ११ बजे आ जाऊंगा।
५ मिनट के बाद फिर एक फोन आ गया। यह फोन सल्लू का था। वह बोला हेलो ? उधर से आवाज़ आई हेलो की माँ का भोसड़ा बहन चोद कल मैंने तुमसे चुदवाया था और आज रात को तुझे मेरी माँ चोदने आना है । तू अपने साथ अपने भतीजे को भी लेते आना। सुना है की उसका लौड़ा बड़ा तगड़ा है। वह भी तेरे साथ मेरी माँ चोदेगा ? मैं तेरा इंतज़ार करूंगी। फोन नहीं करूंगी। और अगर तूने गोली दी तो मैं तेरी माँ चोदूंगी ? मैंने कहा अरे यार शीबू और सल्लू तुम लोगों की बड़ी डिमांड है ? सलमा बोली इस भोसड़ी की वालों की कोई डिमांड नहीं है, रेशमा ? इन मादर चोदों के लण्ड की डिमांड है ? सभी बुर चोदी इनके लण्ड से चुदवाना चाहती हैं।
इतने में सलमा उठी और फ़टाफ़ट अपने कपड़े उत्तर दिया। वह सबके सामने नंगी हो गयी। उधर आंटी भी अपने कपडे खोलने लगी। वह पल भर म एकदम नंगी हो गयीं. आंटी ने हाथ बढ़ाया और शीबू के कपडे उतार डाला। उसका लौड़ा पकड़ लिया और हिलाने लगी। लौड़ा एकदम से खड़ा हो गया। उधर सलमा ने सल्लू का लण्ड खड़ा कर दिया। मैं दोनों लण्ड देख कर दंग रह गयी। लण्ड वाकई बड़े मोटे और लम्बे थे। सलमा बोली
अरी बुर चोदी रेशमा तू भी कपड़े उतार दे और नंगी नंगी पकड़ कर देख दोनों लण्ड ? मैंने कहा यार एक लण्ड तेरी बुर चोदेगा और एक लण्ड तेरी माँ का भोसड़ा चोदेगा ? तो मैं क्या करूंगी ? सलमा बोली तो तू क्या अपनी झांटें उखाड़ेगी बैठी बैठी ? मैं तो अपनी माँ के भोसड़ा में ठोंकती रहती हूँ लण्ड ? मेरी माँ मेरी चूत में ठोंकती रहती है लण्ड ? आज हम दोनों मिलकर तेरी चूत में ठोंकेंगी लण्ड ? आज मैं चोदूंगी तेरी बुर, रेशमा ? आंटी बोली और मैं ठोंकूंगी तेरी गांड में लण्ड रेशमा ? मैं तो यह सुनंकर दंग रह गयी।
उसके बाद मैंने सलमा की बुर चुदवाई। आंटी का भोसड़ा चुदवाया। उन दोनों ने मिलकर मेरी बुर चुदवाई और मेरी गांड में भी ठोंका लण्ड ? उस दिन से मुझे लण्ड का जबरदस्त चस्का लग गया। फिर आये दिन मैं लण्ड पकड़ने लगी, चुदवाने लगी, लण्ड पीने लगी। शादी के बाद भी मेरा यही हाल है ?
मैं अपने मियां के आगे हर रोज़ एक नया लण्ड लेती हूँ। कभी मुंह में लेती हूँ लण्ड, कभी गांड में, कभी बुर में और कभी चूंची में ?
MBA करने के बाद मुझे असिसटेंट प्रोफेसर की जॉब मिल गयी। मैं एक डिग्री कॉलेज में पढ़ाने लगी जहाँ लड़के और लड़कियां साथ पढ़ती है। सब YOUNG लड़कियां और लड़के ? मैं धीरे धीरे लड़कों को पसंद आने लगी। लड़के मेरे आगे पीछे घूमने लगे। लड़कियां भी मेरे नजदीक आने लगीं। लड़कियों पर मैंने कड़ी नज़र रखना शुरू कर दिया। मुझे मालूम हुआ की २/३ ( रुबीना, कामिनी और मैंडी ) लड़कियां बहुत चालू हैं। मैं चुप चाप उनके पास जाने लगी। मैंने उन्हें गाली देते हुए सुना तो मन ही मन खुश हुई की अब मेरा काम बन जायेगा ? मैं तो लण्ड के लिए तरस रही थी। एक दिन मैंन रुबीना को किसी को गाली देते हुए सुना वह बोल रही थी - भोसड़ी के मैं तेरी माँ चोद दूँगी मादर चोद तेरी बहन का लण्ड ? इसी तरह एक दिन तीनो लड़कियां खड़ी थी। उधर से एक लड़का आया। उससे कुछ बात हुई तो कामिनी बोली - साले कुत्ते हरामी ? जा भोसड़ी के बहन चुदा अपनी ? एक दिन मैंडी बोली - मैं तेरा लण्ड काट के तेरी गांड में घुसा दूँगी मादर चोद ? रुबीना बोली - तो क्या तू मेरी झांटें उखाड़ेगा माँ का लौड़ा ?
मैंने एक दिन रुबीना को अपने घर बुलाया और उससे खुल कर बातें करने लगी। मैंने कहा रुबीना मैं तुम्हे एक स्मार्ट और intelligent लड़की मानती हूँ लेकिन साथ ही साथ तुम एक बोल्ड और साहसी लड़की हो। किसी की भी माँ बहन चोद सकती हो ? वह बहुत खुश हुई और बोली हा मेम मैं सब कुछ कर सकती हूँ। मैंने कहा देखो यार मैं घर पर मेम नहीं हूँ, मैं तेरी दोस्त हूँ, मैं बहुत बड़ी मादर चोद भोसड़ी वाली हूँ। गाली बकने में मैं भी बहुत तेज हूँ। मुझसे गालियों से बातें करो। वह बोली वाओ, तो मेरी बुर चोदी रुबीना बोल मैं तेरी क्या मदद करूँ ?
मैंने कहा :- मुझे लड़कों के लण्ड के बारे में बताओ ? मुझे बताओ कॉलेज में सबसे मस्त और बड़ा लण्ड किसका है ?
वह बोली :-अरे यार सच बताऊँ सबसे बड़ा और मोटा लण्ड अब्बास सर का है। मैं तो उसे खूब चाटती हूँ चूसती हूँ और अपनी चूत में घुसेड़ती हूँ। मैंडी भी उसका लौड़ा पीती है और कामिनी भी। मैंडी ने तो अब्बास सर से अपनी माँ का भोसड़ा भी चुदवाना शुरू कर दिया है। मैं भी जल्दी अपनी माँ चुदवाऊँगी। मैंने पूंछा :- क्या साइज़ उसके लण्ड का ?
वह बोली :- ९" x ६" यानी ९" लंबा और ६" मोटा लण्ड ? खड़ा होने पर साला बिलकुल लोहे का खम्भा हो जाता है बहन चोद।
मैंने कहा :- wow, तब तो मज़ा आ जायेगा यार देखो उसके नाम से ही मेरी चूत गीली हो गयी है और मुंह में पानी आ गया है ?
वह बोली :- कहो तो अभी मादर चोद को यहीं बुला लूँ ? अब तो वह मेरी गांड के पीछे ही घूमा करता है ?
मैंने कहा :- नहीं नहीं उसे यहाँ मत बुलाओ मैं खुद ही उससे मिल लूंगी ?
रुबीना मेरी चूत में आग लगा कर चली गयी। मैं उस दिन रात भर सो नहीं सकी। बस मेरे दिमाग में अब्बास का लौड़ा ही घूमता रहा। मैं पल पल इंतज़ार कर रही थी की कब उसका लौड़ा मेरे हाथ में आएगा ? इत्तिफ़ाक़ से दूसरे दिन इतवार था। मैं सवेरे सवेरे अपनी झांटें वगैरह बनाकर तैयार हो गई। करीब ११ बजे मैं अब्बास के घर पहुँच गयी। उसने मुझे देखा तो बड़ा खुश हो गया। वह अकेले ही रहता था। उसने मुंह बैठाया और बोला रेशमा कोई बहुत ख़ास बात तो नहीं है ? मैंने कहा हां ख़ास बात तो है पर कोई घबराने की बात नहीं है। वह बोला अच्छा बताओ क्या पियोगी ? मेरे मन में आया की मैं कह दूँ की लण्ड पियूंगी तेरा भोसड़ी के। लेकिन मैं बोली कुछ भी जो तुम चाहो ? थोड़ी देर में वह कोल्ड ड्रिंक ले आया और हम दोनों पीने लगे। वह लुंगी पहने पहने मेरे सामने सोफ़ा पर बैठ। गया। वह कॉलेज में मुझसे २ साल सीनियर है। उसने पूंछा रेशमा तुम्हे कॉलेज में कैसा लग रहा है ?
- मैंने जबाब दिया बहुत अच्छा लग रहा है मैं तो एन्जॉय कर रही हूँ -
- स्टूडेंट्स तो आपकी बड़ी तारीफ करते हाँ रेशमा। यह तो बहुत अच्छा है -
- तारीफ तो आपकी भी बहुत होती है, सर -
- यार मैं आपका कुलीग हूँ मुझे घर में 'सर' मत कहो -
- तो क्या भोसड़ी वाला कहूँ मैं आपको ? ( मैं जल्दी ही उससे खुलना चाहती थी इसलिए मुंह से गाली निकाल दी ) -
- वह सुनकर हंसने लगा और एन्जॉय करने लगा बोला हां मैं इसी तरह का treatment चाहता हूँ ।
- इसका मतलब लड़कयाँ भी तुमसे घर पर ऐसे ही बातें करती होंगीं ?
- हां बिलकुल करती हैं । एक बात बताऊँ मैं आपको बुरा न मांनना, मुझे लड़कियों के मुंह से गालियां बहुत अच्छी लगती हैं ?
- गालियां ही सिर्फ अच्छी लगती हैं की कुछ और भी ? (मैंने तिरछीं निगाह से पूंछा)
- अरे यार देखो न मैं जवान हूँ। तुम भी जवान हो। अब जान जाओ न मुझे क्या अच्छा लगता है और तुम्हे क्या अच्छा लगता है ?
- मुझे तो 'लण्ड' अच्छा लगता है बहन चोद ?
- मुझे लड़कियों की 'वो' बहुत अच्छी लगती है।
- 'वो' का क्या मतलब ? 'वो' की जगह चूत कहने में तेरी गांड फटती है क्या अब्बास ? देख मैं एक लड़की होकर तेरे से खुल कर बातें कर रही हूँ और तू लड़कियों की तरह शर्मा रहा है। अरे भई तू मर्द है भी की नहीं ?
- अब तुम खुद ही देख लो न की मैं मर्द हूँ की नहीं ?
रुबीना बिलकुल सही कह रही थी बुर चोदी ? वह बोला तो क्या रुबीना तुम्हे सब बता चुकी है ? मैंने कहा हां मुझे सब मालूम हो गया है। तुम रुबीना की बुर चोदते हो, कामिनी की बुर चोदते हो, मैंडी की बुर चोदते हो और उसकी माँ का भोसड़ा चोदते हो ? तुम्हे कॉलेज की लड़कियां बहुत दिखाई पड़तीं हैं लेकिन मैं नहीं दिखाई पड़ती तुम्हे भोसड़ी के ? मैं बिलकुल बेशरम हो चुकी थी। मैंने कहा इतना बढ़िया लौड़ा, इतना बड़ा लौड़ा तूने मुझे कभी नहीं पकड़ाया ? वह बोला यार तुम्हे पकड़ाने की हिम्मत ही नहीं हुई मेरी ?
मैंने लौड़ा सीधे मुंह में घुसा लिया और चूसने लगी । मुझे उसका सुपाड़ा चाटने में और लण्ड मुंह में लेने में बड़ा मज़ा आने लगा। मैंने अपनी चूंचियां खोल दी और एक मस्त लड़की की तरह लण्ड पीने लगी। मैं बड़ी देर तक लण्ड चूसती रही। वह बार बार कहता रहा लेकिन मैंने लौड़ा मुंह से नहीं निकाला। आखिर में वह मेरे मुंह में ही खलास हो गया। मैं एक भूंखी लोमड़ी की तरह उसका लण्ड चाटती रही। मैं लौट तो आई लेकिन शाम को फिर पहुँच गयी। फिर मैं बड़े प्रेम से अपनी बुर चुदवा कर ही वापस आई। उसके बाद मैं उन लड़कियों के सहारे लड़कों लण्ड पकड़ने लगी और हर दूसरे या तीसरे दिन जाकर अब्बास से चुदवाने लगी।
मुझे हर दिन इस तरह नए नए लण्ड चूसने की आदत पड़ गयी। वो तीनो लड़कियां भी मेरे साथ लण्ड चाटने लगीं और बुर चुदवाने लगीं। ज़िन्दगी में जवानी का असली मज़ा आने लगा। मुझे मालूम हुआ की अब्बास भी लड़कियां चोदने में बड़ा एक्सपर्ट हो गया है। उसे भी हर दिन एक नयी बुर चोदने का चस्का लग गया है। उधर धीरे धीरे मैं अब्बास के और नजदीक होने लगी। मैं यह सोंचने लगी की अब्बास से शादी करने के बाद भी मैं लोगों से चुदवाती रहूंगी और वह भी लड़कियां चोदता रहेगा ? न मुझे कोई शिकवा शिकायत होगी और न उसे ? बस एक दिन मैंने अपने दिल की बात कह दी। मैंने कहा यार अब्बास मैं तुमसे अपना निकाह करना चाहती हूँ। वह बोला अरे रेशमा तुमने मेरे मुंह की बात छीन ली। मैं भी तुमसे यही कहने वाला था। ऐसा कह कर उसने मुझे चिपका लिया। बस एक महीने के अंदर मैं उसकी बीवी बन गयी।
हम दोनों में साफ़ साफ़ बात हो गयी थी। मैंने कहा की तुम लड़कियां चोदते रहना और मं लड़कों चुदवाती रहूंगी। तुम हर रोज़ नयी बुर चोदो मैं हर रोज़ नया लण्ड चोदूंगी। शादी के बाद कुछ दिन तक तो मैं लगा लड़कों से चुदवाती रही और वो अलग लड़कियों को चोदता रहा ? फिर एक दिन हमने सोंचा की क्यों हम एक दूसरे के सामने ही चोदा चोदी करें ? बस उसी दिन से मैं उसके सामने लड़कों से चुदवाने लगी और मेरे सामने लड़कियां चोदने लगा। मैं उसे चोदते हुए देखती और वो मुझे चुदवाती हुई देखता ? वो मुझे लड़कों के लण्ड पीते हुआ देखता और मैं उसे लड़कियों को अपना लण्ड पिलाते हुए देखती ? धीरे धीरे कुछ कपल भी हमारे ग्रुप में शामिल होने लगे। मैं लोगों से चुदवाने लगीं और मेरा मियां उनकी बीवियां चोदने लगा ? हम लोगों को इसमें ज्यादा मज़ा आने लगा। बस एक एक करके हमारा दायरा बढ़ने लगा ?
"दूसरों की बीवियां चोदो और दूसरों के मर्दों से चुदवाओ"
यही हमारा नारा हो गया। हमारे घर इसी तरह की सामूहिक चुदाई अक्सर होने लगी।
एक दिन एक कपल आ गया आरिफ और नगमा ? हमने उनका वेलकम किया और फिर व्हिस्की पिलाई। आरिफ बोला यार अब्बास मैं अपनी बीवी तुमसे चुदवाने आया हूँ। उसकी बीवी बोली और मैं अपने मियां से तेरी बीवी चुदवाने आई हूँ। मुझे मालूम हुआ है की आप लोग बीवियां अदल बदल चोदा चोदी करते हैं। मैं भी मर्दों की अदला बदली करके चुदवाती हूँ। मेरा मियां बीवियों की अदला बदली करके चोदता है। मैं कहती हूँ की मेरा मियां हर दिन एक नयी बुर चोदता है और मेरा मियां कहता है मेरी बीवी हर दिन एक नया लण्ड चोदती है।
मैंने कहा :- अरे यार फिर क्या ? अपने मियां से कहो चोदे मुझे ? मैं अपने मियां कहती हूँ की वह चोदे तुझे। उसके बाद मैं उसके मियां आरिफ से चुदवाने लगी और वह मेरे मियां अब्बास से चुदवाने लगी।
यही हमारा नारा हो गया। हमारे घर इसी तरह की सामूहिक चुदाई अक्सर होने लगी।
एक दिन एक कपल आ गया आरिफ और नगमा ? हमने उनका वेलकम किया और फिर व्हिस्की पिलाई। आरिफ बोला यार अब्बास मैं अपनी बीवी तुमसे चुदवाने आया हूँ। उसकी बीवी बोली और मैं अपने मियां से तेरी बीवी चुदवाने आई हूँ। मुझे मालूम हुआ है की आप लोग बीवियां अदल बदल चोदा चोदी करते हैं। मैं भी मर्दों की अदला बदली करके चुदवाती हूँ। मेरा मियां बीवियों की अदला बदली करके चोदता है। मैं कहती हूँ की मेरा मियां हर दिन एक नयी बुर चोदता है और मेरा मियां कहता है मेरी बीवी हर दिन एक नया लण्ड चोदती है।
मैंने कहा :- अरे यार फिर क्या ? अपने मियां से कहो चोदे मुझे ? मैं अपने मियां कहती हूँ की वह चोदे तुझे। उसके बाद मैं उसके मियां आरिफ से चुदवाने लगी और वह मेरे मियां अब्बास से चुदवाने लगी।
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