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मुझे चुदने मे मजा बहुत आता है - Best Hindi sex stories
मुझे चुदने मे मजा बहुत आता है - Best Hindi sex stories , Antarvasna, hindi sex story , चढ़ती जवानी में चुदाई का मजा , बाली उम्र चढ़ती जवानी की पहली चुदाई , Bali Umar Chadti Jawani ki Pehli Chudai , Hot Sex Story , इंडियन सेक्स स्टोरीज, कामवासना, कुँवारी चूत.
उस दिन रात को 12 बजे मैं खाला जान के बेटे ताहिर से चुदवा रही थी। उसका लण्ड पूरा चूत में घुसा हुआ था। मैं रंडी की तरह दनादन चुदवाने में जुटी थी। मुझे यह होश नहीं था की मेरे अगल बगल क्या हो रहा है ? मैं बीच बीच में आँखें बंद करके चुदाई के मज़ा ले रही थी। मुझे आज बहुत दिनों के बाद ताहिर का लण्ड मिला है। एक दिन मैंने अपनी अम्मी जान के मुंह से सुना था की ताहिर तो अब बिलकुल मरद हो गया है। उसका लण्ड साला अभी से 8" का हो गया है और मोटा तो इतना है की मेरे भोसड़ा में भी बड़ी मुश्किल से घुसता है। अभी वह 22 साल का है अभी तो लण्ड की लम्बाई और मोटाई और बढ़ सकती है। यह बात वह अपने पड़ोसन रहीमा आंटी से बता रहीं थीं।
रहीमा आंटी ने पलट कर जबाब दिया हां यार आजकल के लड़कों के लण्ड बहुत बड़े बड़े निकल रहें हैं। मेरे भी बेटे का लण्ड अभी से 8" का हो गया है। वह एक दिन अपनी बड़ी भाभी की बुर ले रहा था। अचानक मैं पहुँच गयी। मैंने उसका खड़ा लण्ड देखा तो मेरे मुंह में पानी आ गया। मैंने मन में कहा वॉवो इसका लण्ड तो साला एकदम दुबई के शेख़ के लण्ड जैसा लगता है। एकदम गोरा चिट्टा लंबा चौड़ा उसका लौड़ा देख कर मुझे ख्याल आया की हां मैंने एक दिन दुबई में एक शेख़ से चुदवा लिया था। शायद उसी से ये पैदा हो गया है। इसका लण्ड हूबहू उसी के लण्ड जैसा है। मैं भी जोश में थी तो हाथ बढ़ाकर उसका लण्ड पकड़ लिया। उसे भी कोई शर्म नहीं आयी और न मुझे। वह बोला अरे अम्मी जान तुम ,,,,,,, ? मैंने कहा बेटा अभी मैं अम्मी जान नहीं हूँ मैं एक चुदासी औरत हूँ। पेल दो अपना लण्ड मेरी भी चूत में और मुझे उसी तरह चोदो जैसे तुम अपनी भाभी की बुर चोद रहे थे। उसने फिर देर नहीं लगाई और सच में पेल दिया लण्ड मेरी चूत में। मैंने कहा बेटा मुझे खूब अच्छी तरह चोदा। फाड़ डाला मेरा भोसड़ा यार।
तो यह बात बिलकुल सच है की आजकल के लड़कों के लण्ड बड़े बड़े मोटे तगड़े और जबरदस्त होने लगे हैं। उसी दिन मैंने सोंच लिया था की मैं ताहिर से बहुत जल्दी ही चुदवाऊंगी तो आज चुदवा रही हूँ। मेरे दिमाग में आंटी के बेटे के लण्ड भी घूम रहा है। मैं किसी दिन उसका भी लण्ड अपनी चूत में पेलूँगी।
मैं महक हूँ 21 साल की हूँ, मस्त जवान हूँ बड़ी बड़ी चूँचियों वाली हूँ और हर तरह के लण्ड की दीवानी हूँ। मैं बहुत बड़ी मादर चोद हूँ बहुत बड़ी बुर चोदी और भोसड़ी वाली हूँ। मुझे किसी का भी लण्ड पकड़ने में कोई शर्म नहीं आती और न ही चुदवाने में आती है। क्योंकि मैंने अपनी अम्मी जान को कई गैर मर्दों से चुदवाते हुए देखा है। मेरी अम्मी बहुत बड़ी छिनार है बुर चोदी। धकाधक एक के बाद एक लण्ड पेलती है अपने भोसड़ा में। कुनबे के अधिकतर लण्ड उसी के भोसड़ा में घुसते हैं। अम्मी की चुदाई देख देख कर मैं भी बेशरम हो गयी हूँ। मैंने तो सोंच लिया है की मैं किसी दिन अब्बू का लण्ड पकड़ कर अपनी चूत में घुसा लूंगी। मुझे मालूम हुआ की वह अपने दोस्तों की बेटियों की बुर चोदता है तो अब मैं भी उसके दोस्तों के लण्ड पेलूँगी अपनी चूत में। मेरी पूरी फॅमिली ही चुदक्कड़ है तो मैं क्यों न हो जाऊं चुदक्कड़ ?
मैं ताहिर का लण्ड बार अपने मुंह में घुसेड़ती और फिर अपनी बुर में घुसेड़ती मुझे ऐसा करने में बड़ा अच्छा लग रहा था। उसके लण्ड में जबरदस्त जोश था। वह भी खूब उछल उछल कर मेरी बुर ले रहा था। तभी मेरे मुंह से एक सवाल निकल पड़ा। / मैंने पूंछा ताहिर भाई जान तुमने कभी अपनी अम्मी का भोसड़ा चोदा है ? उसने कहा हां चोदा है। असल में गया था फूफी का भोसड़ा चोदने लेकिन मेरा लण्ड घुस गया अम्मी के भोसड़ा में। थोड़ा अन्धेरा था कुछ साफ़ साफ़ दिखाई नहीं पड़ा की यह किसका भोसड़ा है। मुझे एक भोसड़ा खली नज़ारा आया तो में लण्ड उसी में घुसा दिया और चोदने लगा। वह भी बड़े मजे से चुदवाने लगीं। बस मन तभी से अपनी माँ का भोसड़ा चोदने लगा। अम्मी ने कहा बेटा हमारे समाज में सब कुछ जायज़ है। माँ का भोसड़ा चोदने में कोई हर्ज़ नहीं है। तुम नहीं चोदोगे तो कोई और चोदेगा ? कोई और चोदेगा तो उससे अच्छा है की तुम ही चोदो और आगे भी चोदते रहो ।
ताहिर की बातों में मेरी चूत में और आग भर दी। मैं फिर और जोश में आकर चुदवाने लगी। ताहिर के लण्ड की गुलाम हो गयी मैं। मैं बोलने लगी हाय दईया और चोदो मुझे खूब चोदो , फाड़ डालो मेरी बुर वोवो बड़ा मस्त लौड़ा है तेरा भाई जान। उई माँ बड़ा मज़ा आ रहा है। आज मेरी चूत को कोई मरदाना लण्ड मिला है हाय रे मेरी चूत फटी जा रही है। बड़ा मोटा है लण्ड। मुझे अपनी बीवी की तरह चोदो मेरे राजा। मुझे रंडी की तरह चोदो मुझे अपनी भाभी की तरह चोदो। उसने चुदाई की रफ़्तार इतनी तेज कर दी की मेरी चूत बुर चोदी झड़ गयी , खलास हो गयी मेरी बुर। ढीली हो गयी मेरी चूत रानी। फिर वह झड़ने लगा तो मैं उसका झड़ता हुआ लण्ड पिया और लण्ड का टोपा खूब मस्ती से चाटा।
एक दिन मैं अपनी फूफी जान के घर चली गयी और रात में वहीँ रुक गयी। मेरी फूफी जान अभी मस्त जवान हैं खूबसूरत हैं और लण्ड की जबरदस्त शौक़ीन हैं। गर्मी का मौसम था और दोपहर का समय था। मैं बाहर से आयी थी पसीने पसीने हो गयी थी। मैं फ़ौरन ए /सी कमरे में घुस गयी तो मुझे राहत मिली। मैं अपने सभी कपड़े उतारने लगी। उतारते उतारते जब मैं पूरी नंगी हो गयी तो मेरी चूत साली कुलबुलाने लगी। उसे लण्ड खाने की भूंख लग गयी। मेरे भी मन में आया की ऐसे में कोई लौड़ा मिल जाए तो मज़ा आ जाये। तब तक कमरे में फूफी का देवर आ गया। वह लगभग 45 साल का होगा। अब मुझे तो कोई शर्म थी नहीं। मैं उस समय लगभग नंगी ही बैठी थी। मैंने कहा अंकल बैठो न मेरे सामने। मुझे कोई शर्म नहीं आ रही है। वह सच में मेरे सामने बैठ गया। मेरी नंगी चूँचियाँ देखने लगा। मेरी चूत झाँक झाँक कर देखने लगा। मैंने भी मुस्कराकर कहा अरे अंकल ये चूँचियाँ दूर से नहीं देखीं जातीं बल्कि हाथ से पकड़ कर देखीं जातीं हैं। लो पकड़ो न मेरी चूँचियाँ शर्माते क्यों हो, भोसड़ी के ? जवानी का मज़ा ले लो न अच्छा मौक़ा है।
उसे इस तरह की बात की उम्मीद नहीं थी। लेकिन मेरे कहने पर उसे जोश आ गया और उसने हाथ बढ़ाकर पकड़ लीं मेरी चूँचियाँ। तब मैंने भी उसके पजामा का नाड़ा खोल डाला और उसका नंगा लण्ड बाहर निकाल लिया। मेरे पकड़ते ही लण्ड बढ़ने लगा और फिर वह बहन चोद 9" का हो गया। मैंने कहा हाय अल्लाह बहुत बड़ा है तेरा लण्ड अंकल। ये तो किसी का भी भोसड़ा फाड़ सकता है। मैंने लण्ड कई बार चूमा सुपाड़ा चाटा और पेल्हड़ की भी चुम्मियाँ लीं। अंकल मस्त होने लगा और उसका लण्ड भी मस्ताने लगा। मैंने किसी की परवाह नहीं की और लण्ड अपनी चूत में घुसेड़वा लिया। अंकल भी मुझे मजे से चोदने लगा। इतने में अचानक मेरी फूफी जान की बेटी आ गयीं। मुझे चुदवाते हुए देखा तो बोली हाय दईया महक मैंने इसे अपनी बुर चुदवाने के लिये बुलाया था और चुदवा रही है तू। ये मेरा चचा जान है। मैं इसका लौड़ा अपनी चूत में पेलूँगी। मैंने भी मस्ती में कहा तू इधर आ जा मैं लण्ड तेरी चूत में घुसा दूँगी। वह बोली कोई बात नहीं तू चुदवा ले मैं अभी आती हूँ। ऐसा बोल कर वह चली गई। फिर मैंने अंकल से जी भर के चुदवाया। उसने मुझे भकाभक चोद चोद कर मेरी चूत बहन चोद पहले खलास कर दी और फिर मैंने उसका झड़ता हुआ लण्ड मजे से चाटा।
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उस दिन रात को 12 बजे मैं खाला जान के बेटे ताहिर से चुदवा रही थी। उसका लण्ड पूरा चूत में घुसा हुआ था। मैं रंडी की तरह दनादन चुदवाने में जुटी थी। मुझे यह होश नहीं था की मेरे अगल बगल क्या हो रहा है ? मैं बीच बीच में आँखें बंद करके चुदाई के मज़ा ले रही थी। मुझे आज बहुत दिनों के बाद ताहिर का लण्ड मिला है। एक दिन मैंने अपनी अम्मी जान के मुंह से सुना था की ताहिर तो अब बिलकुल मरद हो गया है। उसका लण्ड साला अभी से 8" का हो गया है और मोटा तो इतना है की मेरे भोसड़ा में भी बड़ी मुश्किल से घुसता है। अभी वह 22 साल का है अभी तो लण्ड की लम्बाई और मोटाई और बढ़ सकती है। यह बात वह अपने पड़ोसन रहीमा आंटी से बता रहीं थीं।
रहीमा आंटी ने पलट कर जबाब दिया हां यार आजकल के लड़कों के लण्ड बहुत बड़े बड़े निकल रहें हैं। मेरे भी बेटे का लण्ड अभी से 8" का हो गया है। वह एक दिन अपनी बड़ी भाभी की बुर ले रहा था। अचानक मैं पहुँच गयी। मैंने उसका खड़ा लण्ड देखा तो मेरे मुंह में पानी आ गया। मैंने मन में कहा वॉवो इसका लण्ड तो साला एकदम दुबई के शेख़ के लण्ड जैसा लगता है। एकदम गोरा चिट्टा लंबा चौड़ा उसका लौड़ा देख कर मुझे ख्याल आया की हां मैंने एक दिन दुबई में एक शेख़ से चुदवा लिया था। शायद उसी से ये पैदा हो गया है। इसका लण्ड हूबहू उसी के लण्ड जैसा है। मैं भी जोश में थी तो हाथ बढ़ाकर उसका लण्ड पकड़ लिया। उसे भी कोई शर्म नहीं आयी और न मुझे। वह बोला अरे अम्मी जान तुम ,,,,,,, ? मैंने कहा बेटा अभी मैं अम्मी जान नहीं हूँ मैं एक चुदासी औरत हूँ। पेल दो अपना लण्ड मेरी भी चूत में और मुझे उसी तरह चोदो जैसे तुम अपनी भाभी की बुर चोद रहे थे। उसने फिर देर नहीं लगाई और सच में पेल दिया लण्ड मेरी चूत में। मैंने कहा बेटा मुझे खूब अच्छी तरह चोदा। फाड़ डाला मेरा भोसड़ा यार।
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मैं महक हूँ 21 साल की हूँ, मस्त जवान हूँ बड़ी बड़ी चूँचियों वाली हूँ और हर तरह के लण्ड की दीवानी हूँ। मैं बहुत बड़ी मादर चोद हूँ बहुत बड़ी बुर चोदी और भोसड़ी वाली हूँ। मुझे किसी का भी लण्ड पकड़ने में कोई शर्म नहीं आती और न ही चुदवाने में आती है। क्योंकि मैंने अपनी अम्मी जान को कई गैर मर्दों से चुदवाते हुए देखा है। मेरी अम्मी बहुत बड़ी छिनार है बुर चोदी। धकाधक एक के बाद एक लण्ड पेलती है अपने भोसड़ा में। कुनबे के अधिकतर लण्ड उसी के भोसड़ा में घुसते हैं। अम्मी की चुदाई देख देख कर मैं भी बेशरम हो गयी हूँ। मैंने तो सोंच लिया है की मैं किसी दिन अब्बू का लण्ड पकड़ कर अपनी चूत में घुसा लूंगी। मुझे मालूम हुआ की वह अपने दोस्तों की बेटियों की बुर चोदता है तो अब मैं भी उसके दोस्तों के लण्ड पेलूँगी अपनी चूत में। मेरी पूरी फॅमिली ही चुदक्कड़ है तो मैं क्यों न हो जाऊं चुदक्कड़ ?
मैं ताहिर का लण्ड बार अपने मुंह में घुसेड़ती और फिर अपनी बुर में घुसेड़ती मुझे ऐसा करने में बड़ा अच्छा लग रहा था। उसके लण्ड में जबरदस्त जोश था। वह भी खूब उछल उछल कर मेरी बुर ले रहा था। तभी मेरे मुंह से एक सवाल निकल पड़ा। / मैंने पूंछा ताहिर भाई जान तुमने कभी अपनी अम्मी का भोसड़ा चोदा है ? उसने कहा हां चोदा है। असल में गया था फूफी का भोसड़ा चोदने लेकिन मेरा लण्ड घुस गया अम्मी के भोसड़ा में। थोड़ा अन्धेरा था कुछ साफ़ साफ़ दिखाई नहीं पड़ा की यह किसका भोसड़ा है। मुझे एक भोसड़ा खली नज़ारा आया तो में लण्ड उसी में घुसा दिया और चोदने लगा। वह भी बड़े मजे से चुदवाने लगीं। बस मन तभी से अपनी माँ का भोसड़ा चोदने लगा। अम्मी ने कहा बेटा हमारे समाज में सब कुछ जायज़ है। माँ का भोसड़ा चोदने में कोई हर्ज़ नहीं है। तुम नहीं चोदोगे तो कोई और चोदेगा ? कोई और चोदेगा तो उससे अच्छा है की तुम ही चोदो और आगे भी चोदते रहो ।
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उसे इस तरह की बात की उम्मीद नहीं थी। लेकिन मेरे कहने पर उसे जोश आ गया और उसने हाथ बढ़ाकर पकड़ लीं मेरी चूँचियाँ। तब मैंने भी उसके पजामा का नाड़ा खोल डाला और उसका नंगा लण्ड बाहर निकाल लिया। मेरे पकड़ते ही लण्ड बढ़ने लगा और फिर वह बहन चोद 9" का हो गया। मैंने कहा हाय अल्लाह बहुत बड़ा है तेरा लण्ड अंकल। ये तो किसी का भी भोसड़ा फाड़ सकता है। मैंने लण्ड कई बार चूमा सुपाड़ा चाटा और पेल्हड़ की भी चुम्मियाँ लीं। अंकल मस्त होने लगा और उसका लण्ड भी मस्ताने लगा। मैंने किसी की परवाह नहीं की और लण्ड अपनी चूत में घुसेड़वा लिया। अंकल भी मुझे मजे से चोदने लगा। इतने में अचानक मेरी फूफी जान की बेटी आ गयीं। मुझे चुदवाते हुए देखा तो बोली हाय दईया महक मैंने इसे अपनी बुर चुदवाने के लिये बुलाया था और चुदवा रही है तू। ये मेरा चचा जान है। मैं इसका लौड़ा अपनी चूत में पेलूँगी। मैंने भी मस्ती में कहा तू इधर आ जा मैं लण्ड तेरी चूत में घुसा दूँगी। वह बोली कोई बात नहीं तू चुदवा ले मैं अभी आती हूँ। ऐसा बोल कर वह चली गई। फिर मैंने अंकल से जी भर के चुदवाया। उसने मुझे भकाभक चोद चोद कर मेरी चूत बहन चोद पहले खलास कर दी और फिर मैंने उसका झड़ता हुआ लण्ड मजे से चाटा।
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